अयोध्या, (प्रवीण तिवारी)। रामजन्मभूमि पर भव्य मंदिर निर्माण से पहले ही श्रद्धालु परिसर का विहंगम दृश्य देख सकेंगे। इसके लिए निर्माण समिति ने लेआउट तैयार कराने का फैसला किया है, जो डिजिटल फार्मेट में भी उपलब्ध रहेगा। लेआउट में प्रस्तावित मंदिर की दो मंजिला इमारत के साथ अन्य निर्माणों का विवरण रहेगा। कौन कलाकृति किस स्थान और किस दिशा में होगी, इसका चित्रण और सभी स्थलों तक जाने का रास्ता भी दिखाया जाएगा। इसकी मदद से श्रद्धालु वैकिल्पक गर्भगृह में विराजमान रामलला का दर्शनपूजन करने के अलावा अन्य सभी प्रखंडों का भलीभांति दीदार कर सकेंगे।

डिजिटल लेआउट को परिसर के बाहर बड़ी स्क्रीन पर चलाने की योजना है। लेआउट 25 मार्च तक पूरा किया जाना है। इसके बाद ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भूमि पूजन के लिए आ सकते हैं। पीएम भूमिपूजन करने के बाद इसी लेआउट को श्रद्धालुओं के लिए समर्पित भी करेंगे। उनके स्विच ऑन करने के बाद पूरा परिसर वर्णित होने लगेगा। लेआउट बनाने के लिए तीन एजेंसियों के नाम पर विचार चल रहा है।

मंदिर के भवनों पर मंथन

गत दिनों श्रीराम जन्मूभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट की भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र भी आला वास्तुविदों व ट्रस्ट सदस्यों से इस कार्य को पूरा करने के लिए कह गए हैैं। सूत्र बताते हैं कि मंदिर परिसर में कौन-कौन से अन्य भवन होंगे, इस पर मंथन चल रहा है। परिसर में राम मंदिर के अतिरिक्त, म्यूजियम, वैदिक पाठशाला, स्टॉफ भवन निर्मित करने का प्रस्ताव है।

वास्तुशिल्प विकसित करने की योजना

ट्रस्ट के सदस्य डॉ. अनिल मिश्र ने बताया क‍ि परिसर में भव्य राममंदिर के अलावा भगवान राम के जीवन से जुड़े सभी पहलुओं पर वास्तुशिल्प विकसित करने की योजना है। अभी परिसर में क्या क्या होगा, इसको अंतिम रूप नहीं दिया गया। राममंदिर निर्माण का कार्य शुरू कराना प्राथमिकता है। 

Posted By: Anurag Gupta

डाउनलोड करें जागरण एप और न्यूज़ जगत की सभी खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस