विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Apr 13, 2025 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर कहां बनेंगे 5 टोल प्लाजा? NHAI ने कर दिया क्लियर; कब तक शुरू होगा Expressway?

Published: Sun, 13 Apr 2025 02:37 PM (GMT+05:30)

Lucknow Kanpur Expressway Toll Plaza लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर टोल प्लाजा वाहनों की गति में बाधा नहीं बनेंगे। टोल प्लाजा एक्सप्रेसवे ...और पढ़ें

प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर
प्रस्तुति के लिए इस्तेमाल की गई तस्वीर

HighLights

  1. अगस्त में पीएम से एक्सप्रेसवे का उद्घाटन कराने की तैयारी
  2. टोल के लिए टेंडर प्रकिया मई से, अगस्त में हो जाएंगे तैयार

अंशू दीक्षित, लखनऊ। लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर चलने वालों को टोल प्लाजा पर गति धीमी नहीं करनी पड़ेगी। एक्सप्रेसवे पर यह टोल प्लाजा वहीं बनाए जाएंगे, जहां रैम्प से चढ़ने-उतरने की सुविधा होगी। पूरे एक्सप्रेस वे पर ऐसे पांच टोल प्लाजा होंगे। इस एक्सप्रेसवे पर उद्घाटन की तिथि के दूसरे दिन से ही टोल लगना शुरू हो जाएगा।

भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआइ) मई के मध्य तक 63 किमी. लंबे एक्सप्रेसवे के लिए टेंडर प्रकिया शुरू करने की तैयारी में है। एनएचएआइ के अधिकारियों ने एक्सप्रेसवे का काम 31 जुलाई तक पूरा करने का दावा किया है।

पीएम मोदी करेंगे उद्घाटन

माना जा रहा है कि अगस्त 2025 में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, नागरिक उड्डयन मंत्री नितिन गड़करी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक्सप्रेसवे का उद्घाटन करेंगे। लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे पर चढ़ने व उतरने के लिए पांच स्थानों पर रैंप की व्यवस्था होगी।

एनएचएआइ के अफसरों ने बताया कि जहां रैंप होंगे, वहीं टोल प्लाजा होगा। लखनऊ से एक्सप्रेसवे पर प्रवेश करते ही पहला टोल प्लाजा मीरनपुर पिनवट के पास होगा। दूसरा टोल खंडेदेव पर बनेगा। तीसर टोल बनी के पास और चौथा टोल उन्नाव-लालगंज के पास पड़ने वाले अमरसास गांव के पास और अंतिम यानी पांचवां टोल आजाद नगर के पास बनेगा।

एक्सप्रेसवे का काम वर्तमान में 85 प्रतिशत से अधिक हो गया है। 30 अप्रैल 2025 तक इसे 90 प्रतिशत पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। अभियंताओं का दावा है कि जून मध्य तक सिविल का काम पूरा कर लिया जाएगा। लखनऊ से बनी तक 18 किमी. एलीवेटेड रोड बनाई जा रही है। यहां से ग्रीन फील्ड चालू हो जाता है, जो ट्रांस गंगा सिटी तक है। 63 किमी. एक्सप्रेसवे को बनाने में 43 गांवों की जमीनों का अधिग्रहण किया गया है।

लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे के बीचों-बीच टोल नहीं होंगे। अमूमन एक्सप्रेस वे या फिर राष्ट्रीय राजमार्ग पर टोल प्लाजा-बीच में होते हैं, जिससे वाहनों को रोककर टोल से गुजरना पड़ता है। लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेस वे पर ऐसा नहीं होगा।

परियोजना निदेशक, एनएचएआइ, लखनऊ सौरभ चौरसिया ने बताया

समय से काम खत्म कर लिया जाएगा। इसके लिए सख्त निर्देश दिए जा चुके हैं। शुक्रवार को एनएचएआइ सदस्य विशाल चौहान ने भी काम को लेकर संतोष व्यक्त किया है। एक्सप्रेसवे पर पांच स्थानों पर टोल लगेगा। एक्सप्रेसवे के बीचोंबीच कोई टोल नहीं होगा।

इसे भी पढ़ें: मेरठ से प्रयागराज तक बनने वाले गंगा एक्सप्रेसवे के मार्ग में 17 दिक्कतें, सीएम के आदेश पर एक्शन में प्रशासन