मस्कट रूट से तस्करी की कोशिश नाकाम: लखनऊ एयरपोर्ट पर पकड़ा गया 8.5 किलो हाइड्रोपोनिक गांजा, कूरियर गिरफ्तार
लखनऊ एयरपोर्ट पर 8.5 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड के साथ एक कूरियर पकड़ा गया है, जिसकी कीमत 8.55 करोड़ रुपये है। ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर

समय कम है?
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जागरण संवाददाता, लखनऊ। खाड़ी देशों में चल रहे युद्ध के बीच एक कूरियर बैंकॉक से मस्कट पहुंचा और वहां से ओमान एयरलाइन की उड़ान से 8.5 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड (गांजा) लेकर लखनऊ पहुंचा। यहां चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट पर इमिग्रेशन की टीम को उसकी ट्रेवल हिस्ट्री को देखकर शक हुआ। पूछताछ की तो पता चला कि वह कूरियर है और उसे लखनऊ में किसी को डिलीवरी करना था।
सोमवार को ओमान एयर की उड़ान डब्ल्यूवाई- 265 मस्कट से सुबह 7:45 बजे लखनऊ पहुंची थी। यहां मुंबई निवासी मोहम्मद इमरान सरोथिया इमिग्रेशन काउंटर पर पहुंचा तो उसकी यात्रा को लेकर कुछ शक हुआ। वह एक ही दिन में बैंकॉक से मस्कट पहुंचा और वहां से पहली ही उड़ान से लखनऊ आ गया।
बैंकॉक से सीधी उड़ान होने के बावजूद खाड़ी देश जाने का जोखिम और अधिक किराया व समय लगाने पर इमिग्रेशन की टीम ने मोहम्मद इमरान सरोथिया से पूछताछ की। उसके पासपोर्ट पर दर्ज जानकारी के अनुसार छह महीने पहले ही उसने पहली अंतरराष्ट्रीय यात्रा की है।
पूछताछ पर उसने बताया कि वह मुंबई में ऑटो रिक्शा चलाता था, उसके बाद डिलीवरी मैन बन गया। कुछ लोगों ने बैंकॉक से सामान लाने के लिए कूरियर के रूप में काम दिलाने को कहा। वह बैँकाक पहुंचा और फिर वहां से उसे कैमलिन कार्बन पेपर में लिपटे हुए 17 पारदर्शी वैक्यूम पॉलीबैग में रखकर दिया गया था।
मस्कट से एक्सरे मशीन से बचते हुए यह बैग लखनऊ तक पहुंच गया था। इसके बाद कस्टम की इंटेलिजेंस विंग ने जब जांच की तो बैग में 8.5 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड बरामद किया गया। इसकी कीमत 8. 55 करोड़ रुपये बतायी जा रही है। अधिकारियों ने बरामद मादक पदार्थ को एनडीपीएस अधिनियम, 1985 की धारा 43 के तहत जब्त करने के साथ कूरियर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
इसलिए बदला रूट
अफगानिस्तान के रास्ते बैंकॉक यह महंगा गांजा पहुंचाया जाता है। इस रास्ते सीधी उड़ान से लखनऊ गांजा लाने के मामले लगातार पकड़ में आ रहे हैं। ऐसे में इमिग्रेशन और कस्टम की टीम को धोखा देने के लिए तस्करों ने कूरियर का रूट ही बदल दिया है। उनको खाड़ी देश भेजा जा रहा है। खाड़ी देशों से लखनऊ की उड़ानों की कनेक्टिविटी बेहतर है।
पहले भी पकड़ा गया है गांजा
- 10 मार्च को बैंकाक से आए कूरियर के पास से 6.23 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड पकड़ा गया
- 1 मार्च को बैँकाक से आए दो तस्करों से 18 करोड़ रुपये की कीमत का 18 किलोग्राम गांजा पकड़ा गया
- 9 फरवरी को बैंकाक से आए भारतीय यात्री के बैग से 5.88 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड जब्त किया गया
- 3 दिसंबर 2025 को 12.7 किलोग्राम गांजे के साथ तीन भारतीय यात्रियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया
- 3 जुलाई से 3 सितंबर 2025 तक 44 करोड़ रुपये की कीमत का 39.70 किलोग्राम हाइड्रोपोनिक वीड जब्त हुआ
- 18 सितंबर 2025 को दो यात्रियों से 2.5 किलोग्राम वीड को बरामद किया गया
- 8 अक्टूबर 2025 को डीआरआइ की टीम ने 16 करोड़ रुपये का गांजा पकड़ा
सोने की तस्करी घटी तो गांजे की बढ़ी
लखनऊ सहित बड़े शहरों में महंगे गांजे को पहुंचाने के लिए तस्करी यूं ही नहीं बढ़ी है। सोने के दाम बढ़ने के कारण सोना की तस्करी के मामलों में पिछले कुछ महीनों में कमी आयी है। रामपुर के अधिकांश तस्करों ने अब गांजे की तस्करी भी शुरू कर दी है। इन कूरियर को प्रति चक्कर 25 से 30 हजार रुपये मिलते हैं।
