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मायावती के करीबी रहे पूर्व IAS राम बहादुर का भाजपा से मोह भंग, विधानसभा चुनाव से पहले थामने जा रहे सपा का दामन

Published: Sun, 25 Oct 2026 01:01 AM (IST)

पूर्व आईएएस अधिकारी राम बहादुर, जो कभी मायावती के करीबी थे और भाजपा में भी रह चुके हैं, विधानसभा चुनाव ...और पढ़ें

पूर्व आईएएस राम बहादुर।

पूर्व आईएएस राम बहादुर।

HighLights

  1. पूर्व आईएएस राम बहादुर सपा में शामिल होंगे।

  2. मायावती के करीबी रहे, भाजपा से मोह भंग।

  3. सपा दलित समुदाय में पैठ बढ़ाना चाहती है।

राज्य ब्यूरो, लखनऊ। विधान सभा चुनाव से पहले सपा ने अपने पीडीए (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) समीकरण के विस्तार की कोशिश तेज कर दी है। इसी रणनीति के तहत सोमवार को पासी समाज के पूर्व आइएएस अधिकारी राम बहादुर को सपा की सदस्यता ग्रहण करई जाएगी।

कभी बसपा प्रमुख मायावती के करीबी रहे राम बहादुर भाजपा में भी रह चुके हैं। राम बहादुर प्रशासनिक सेवा से सेवानिवृत्त होने के बाद सक्रिय राजनीति में आए थे। वह गोंडा के डीएम और लखनऊ विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष जैसे पदों पर काम कर चुके हैं। प्रशासनिक अनुभव के साथ पासी समाज से आने के कारण उनकी पहचान राजनीति में भी बनी।

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उन्होंने वर्ष 2017 के विधान सभा चुनाव में लखनऊ की मोहनलालगंज (सुरक्षित) सीट से बसपा के टिकट पर चुनाव लड़ा लेकिन हार गए। इसके बाद उन्होंने अपनी नागरिक एकता पार्टी गठित की। वर्ष 2022 में विधान सभा चुनाव से पहले वह भाजपा में शामिल हो गए थे। उनको शामिल कर सपा दलित वर्गों के बीच अपनी स्वीकार्यता बढ़ाने की कोशिश कर रही है।