लखनऊ, संवाददाता, लखनऊ। घोषी से बसपा सांसद अतुल राय पर दुष्कर्म का आरोप लगाने वाली युवती व उसके गवाह की आत्मदाह से हुई मौत के मामले में निरुद्ध अभियुक्त अमिताभ ठाकुर की दूसरी जमानत अर्जी भी सत्र अदालत ने खारिज कर दी है। एडीजे पीएम त्रिपाठी ने अपने आदेश में कहाकि इस मामले के संपूर्ण तथ्य व परिस्थितियों और अपराध की प्रकृति के मद्देनजर अभियुक्त को जमानत पर रिहा करने का आधार पर्याप्त नहीं है।

अमिताभ की ओर से बहस करते हुए तर्क दिया गया कि पहली जमानत अर्जी खारिज होने से पूर्व इस मामले की विवेचना प्रचलित थी, लेकिन अब विवेचना समाप्त होकर आरोप पत्र दाखिल हो गया है। अभियुक्त पूर्व आइपीएस है। जिम्मेदार नागरिक है, उसे इस मामले में रंजिशन फंसाया गया है। लिहाजा उसे जमानत पर रिहा किया जाए।

दूसरी तरफ अभियोजन की ओर से जमानत अर्जी का जोरदार विरोध किया गया। सरकारी वकील अशोक श्रीवास्तव का कहना था कि अभियुक्त की ओर से दूसरी जमानत अर्जी में कोई नया तथ्य नहीं पेश किया गया है। सिर्फ आरोप पत्र दाखिल होने से जमानत का कोई आधार नहीं है। शनिवार को अमिताभ ठाकुर अपने मुकदमे की सुनवाई के दौरान जेल से सत्र अदालत में हाजिर थे। उन्होंने अदालत से इस मामले के कुछ दस्तावेज दिलाने की मांग की। जिला जज राम मनोहर नारायन मिश्र ने इसके लिए अभियोजन को आदेशित किया। साथ ही नौ दिसंबर को सुनवाई की अगली तारीख तय की है।

Edited By: Dharmendra Mishra