लखनऊ (जेएनएन)। केंद्रीय खेल मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौर ने सोशल मीडिया पर भले ही फिटनेस चैलेंज शुरू किया लेकिन उत्तर प्रदेश के कांग्रेस के विधान परिषद सदस्य दीपक सिंह ने भाजपा अध्यक्ष अमित शाह को पॉलिटिकल चैलेंज दिया है। दीपक सिंह ने अमित शाह को आने वाले लोकसभा चुनाव में रायबरेली से एक भी बूथ पर जीत दर्ज करने का चैलेंज रखा है।

देश के साथ ही प्रदेश में लोकसभा चुनाव 2019 का रंग जोर पकड़ रहा है। इसी बीच में नेता लोग चुनौतियां भी पेश करने लगे हैं। भाजपा की निगाह भी अब प्रदेश में कांग्रेस के गढ़ माने जाने वाले रायबरेली व अमेठी पर लगी है। अमित शाह ने अप्रैल में रायबरेली में बड़ी जनसभा कर कांग्रेस से एमएलसी रहे दिनेश प्रताप सिंह को पार्टी में शामिल कराया था। कांग्रेस के युवा एमएलसी दीपक सिंह ने अब भाजपा अध्यक्ष के सामने बड़ी चुनौती पेश की है। दीपक सिंह ने भाजपा अध्यक्ष अमित शाह को रायबरेली की एक भी बूथ जीतने की चुनौती दी है।

अमेठी-रायबरेली की सीट पर भाजपा जीतना विरोधी के किले फतह करने जैसा होगा। हाल में ही कांग्रेस सहित सपा व बसपा नेताओं का भाजपा में शामिल होना इन पार्टियों के लिए झटके के समान है। इसी पर दबाव बनाने की खातिर कांग्रेस एमएलसी दीपक सिंह ने भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष अमित शाह पर हमला बोला है।

दीपक सिंह ने कहा कि ज्यादा तथा बड़ा बोलना भारतीय जनता पार्टी के लोगों का स्वभाव है। वहीं अमित शाह को रायबरेली का एक भी बूथ जितने का चैलेंज दे दिया।

सपने देखना बुरा नहीं

भाजपा अध्यक्ष अमित शाह के अमेठी या रायबरेली में से एक सीट जीतने के बयान पर कांग्रेस एमएलसी दीपक सिंह सपने देखना बुरा नहीं, पर आपको चैलेंज करता हूं सीट छोड़ो अमेठी या रायबरेली का कोई एक बूथ बताइए जहां से भाजपा को जितवा सकते है। जिता लिए तो मैं एमएलसी से और हार गए तो आप राज्यसभा से इस्तीफा देंगे।

मोदी की तरह नहीं राहुल जो धोखा देकर भाग जाएं 

अमित शाह के अमेठी रायबरेली जीतने के बयान पर चैलेंज करते हुए कहा राहुल गांधी भाजपा के नेताओं की तरह नहीं हैं जो सीट से चुनाव लड़े और लोगों को धोखा देकर भाग जाएं जैसे मोदी जी वाराणसी छोड़कर भाग जाएं। राहुल गांधी का अमेठी के लोगों को भरोसा है विश्वास है, वहीं लड़ते हैं, वहीं जीतते है। अमेठी के साथ राहुल गांधी का पारिवारिक रिश्ता है। यदि अमित शाह मेरे चैलेंज को स्वीकार करते हैं तो तो प्रत्याशी का नाम बताएं।देखने वाली बात यह होगी कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह इस चैलेंज को लेते हैं या फिर नहीं। 

Posted By: Dharmendra Pandey