यूपी में वापकोस के परियोजना प्रबंधक सहित तीन के खिलाफ मुकदमा दर्ज, भ्रष्टाचार के मामले में CBI की जांच जारी
सीबीआई ने वापकोस के परियोजना प्रबंधक पंकज दुबे, दलाल राहुल वर्मा और राम प्रसाद दुबे के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया है।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
सीबीआई ने वापकोस प्रबंधक पंकज दुबे और दो अन्य पर केस दर्ज।
पंकज दुबे पर 1.29 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति का आरोप।
लखनऊ, देवरिया, भुवनेश्वर में सीबीआई ने की कई ठिकानों पर छापेमारी।
राज्य ब्यूरो, लखनऊ। केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने वाटर एंड पावर कंसल्टेंसी सर्विसेज (वापकोस) में चल रहे संगठित भ्रष्टाचार में शामिल परियोजना प्रबंधन पंकज दुबे, दलाल राहुल वर्मा व राम प्रसाद दुबे के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया है।
सीबीआई की जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपित परियोजना प्रबंधक ने पहली अप्रैल 2020 से 20 अप्रैल 2026 के बीच 1.29 करोड़ रुपये की आय से अधिक कमाई की और कई चल व अचल संपत्तियां खरीदी हैं।
वापकोस के तत्कालीन परियोजना प्रबंधक के खिलाफ सीबीआई को शिकायत मिली थी कि वह सांठगांठ करके ठेकेदारों को टेंडर दिलाने के मोटी कमीशनखोरी कर रहा है। सीबीआई ने इस मामले में आरोपित परियोजना प्रबंधक सहित आठ लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू की थी।
सीबीआई की टीमों ने भ्रष्टाचार के इस मामले में 20-21 फरवरी को लखनऊ के आशियाना, सुशांत गोल्फ सिटी और गोमतीनगर विस्तार सहित देवरिया और भुवनेश्वर में करीब एक दर्जन ठिकानों पर छापेमारी कर लगभग 10 लाख रुपये नकद और कई संदिग्ध दस्तावेज बरामद किए थे।
आरोपितों के ठिकानों से मिले दस्तावेजों की जांच के बाद यह बात सामने आई है कि पहली अप्रैल 2020 से 20 अप्रैल 2026 तक आरोपित परियोजना प्रबंधक ने वेतन के जरिए 55,25,585 रुपये की कमाई की थी, जबकि इसी अवधि में उन्होंने 1.59 करोड़ रुपये से ज्यादा की राशि चल व अचल संपत्तियों पर खर्च की थी।
इनमें लखनऊ के गोमती नगर के विभूति खंड में डी-1101, डी-357 व देवरिया में तीन बीघा पांच विस्वा खेती योग्य भूमि, ट्रांसपोर्ट नगर में एफ-494 व डी-866 नंबर की संपत्तियां खरीदी थी।
यह संपत्तियां रामप्रसाद दुबे, उनकी रिश्तेदार आर्ती द्विवेदी, केके द्विवेदी के नाम पर खरीदी गई थीं। इसके अलावा हिमाचल प्रदेश में फार्म हाउस की भी जानकारी सीबीआई को मिली है।
आलीशान होटलों में होती थी पार्टियां
सीबीआई की जांच में यह बात भी सामने आई है कि आरोपित परियोजना प्रबंधन पंकज दुबे के बेटे का जन्म दिन दिल्ली के लीला होटल में मनाने का प्रबंधन भी उसके साथियों ने मिलकर किया था। इस पार्टी में लाखों रुपये खर्च किए गए थे।
छह माह पहले 10 लाख की घूसखोरी में किया था गिरफ्तार
सीबीआई ने आरोपित परियोजना प्रबंधक सहित बिचौलिया राहुल वर्मा, ड्राइवर शुभम कुमार पाल, ठेकेदार बबलू सिंह यादव और पैरवीकार राजेश कुमार सिंह को ओडीसा में इमली प्रसंस्करण इकाई का 11.81 करोड़ रुपये के काम का ठेका दिलाने के लिए 10 लाख रुपये की घूसखोरी के आरोप में 21 फरवरी को लखनऊ से गिरफ्तार किया था।
सीबीआई मे इस मामले में लखनऊ के आशियाना निवासी राहुल वर्मा व देवरिया निवासी राम प्रसाद दुबे को भी आरोपित बनाया है। सीबीआई को आरोपित की 94 लाख की अचल और 41 लाख रुपये की चंल संपत्ति का भी पता चला है।
