कानपुर में SBI के लॉकर से गायब हुई महिला की 50 लाख रुपये की ज्वेलरी, बैंक मैनेजर पर FIR दर्ज
कानपुर में एसबीआई के स्वरूप नगर ब्रांच से एक विधवा महिला के 50 लाख रुपये के जेवरात गायब होने का ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
कानपुर एसबीआई लॉकर से 50 लाख के जेवर गायब।
विधवा महिला रश्मि अरोड़ा ने बैंक पर लगाया आरोप।
बैंक मैनेजर और स्टाफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज।
एजेंसी, कानपुर: जिले में एसबीआई की ब्रांच से ज्वेलरी गायब होने की घटना सामने आई है। कौशलपुरी निवासी रश्मि अरोड़ा नामक एक विधवा महिला ने आरोप लगाया है कि बैंक लॉकर से उनके लगभग 50 लाख रुपये के जेवरात गायब हो चुके हैं। पुलिस ने गुरुवार को जानकारी दी कि इस संबंध में स्वरूप नगर ब्रांच के मैनेजर और अज्ञात स्टाफ सदस्यों के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
एफआईआर दर्ज कराने वालीं कौशलपुरी की रहने वालीं रश्मि अरोड़ा ने बताया कि उन्होंने 2003 में तत्कालीन स्टेट बैंक ऑफ त्रावणकोर की ब्रांच में सेविंग्स अकाउंट खुलवाया था और उन्हें लॉकर नंबर 23 मिला था। पति की मौत के बाद वह लखनऊ चली गईं और कई सालों तक लॉकर का इस्तेमाल नहीं किया।
लगभग चार महीने पहले वह स्वरूप नगर ब्रांच गईं और उन्हें पता चला कि तत्कालीन स्टेट बैंक ऑफ त्रावणकोर का SBI में विलय हो गया है। उनका आरोप है कि विलय के बाद भी उनके अकाउंट से लॉकर का चार्ज कटता रहा, लेकिन शुरू में वह लॉकर की जांच नहीं कर पाईं।
अरोड़ा ने बताया कि 21 जुलाई को लॉकर का चार्ज जमा करने के बाद बैंक अधिकारियों ने उनके लॉकर नंबर की पुष्टि की। हालांकि, उस दिन वह लॉकर नहीं खोल पाईं क्योंकि उनके पास चाबी नहीं थी। जब वह 27 जुलाई को चाबी लेकर लौटीं, तो उन्हें लॉकर पूरी तरह खाली मिला।
उन्होंने अपनी FIR में आरोप लगाया कि बैंक अधिकारियों ने शुरू में उनके लॉकर के होने से इनकार किया था और अकाउंट के दस्तावेज़ व लॉकर चार्ज कटने के रिकॉर्ड दिखाने के बाद ही इसे माना। उन्होंने ब्रांच मैनेजर और स्टाफ़ पर ज्वेलरी हड़पने की साज़िश रचने का आरोप लगाया। पुलिस कमिश्नर रघुबीर लाल तक शिकायत पहुंचने के बाद उन्होंने 6 अगस्त को जांच के आदेश दिए।
इसके बाद स्वरूप नगर पुलिस ने 10 अगस्त को ब्रांच मैनेजर और अज्ञात कर्मचारियों के खिलाफ FIR दर्ज की। स्टेशन हाउस ऑफिसर (स्वरूप नगर) देवेंद्र सिंह ने बताया कि पुलिस बैंक के रिकॉर्ड, लॉकर से जुड़े दस्तावेज और CCTV फ़ुटेज की जांच कर रही है और सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
