लखनऊ, जेएनएन। एमिटी स्कूल के पास रविवार को दिनदहाड़े एसटीएफ से हुई मुठभेड़ में मारे गए सचिन पांडेय का शव परिवारजन सोमवार देर शाम लेकर चले गए। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि सचिन को सिर से लेकर पैर तक करीब 15 गोलियां लगी थीं। पोस्टमार्टम के दौरान डॉक्टरों ने शव से तीन बुलेट भी निकाले हैं। सूत्रों के मुताबिक सचिन के सिर में तीन गोलियां लगी थीं। इसके अलावा, सीने, पेट, हाथ-पैर, ठुड्डी समेत शरीर के अन्य हिस्सों में भी गन शॉट के निशान मिले हैं।

मूलरूप से आजमगढ़ के कस्बा निजामाबाद निवासी दिनेश पांडेय के बेटे सचिन का शव लेने के लिए उसके रिश्तेदार और गांव के लोग सोमवार को पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे थे। इस दौरान परिवारजन और रिश्तेदारों से बातचीत की गई तो उन्होंने कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया। घरवालों ने कहा कि हकीकत सबको पता है। उन्होंने हाथ जोड़ते हुए कोई भी टिप्पणी करने से मना कर दिया। पोस्टमार्टम हाउस पर सचिन का शव पहुंचने के बाद सोमवार सुबह से ही एसटीएफ की टीम मुस्तैद नजर आई। सचिन के घरवालों के आसपास भी एसटीएफ की टीम खड़ी दिखी। मुठभेड़ में शामिल रहे पुलिसकर्मी शव का पोस्टमार्टम कराकर उसे घरवालों के हवाले करने के बाद भी वहां मौजूद रहे। सचिन के घरवाले सोमवार देर शाम शव लेकर आजमगढ़ रवाना हो गए। 

लगातार बज रहा था फोन 

सचिन पांडेय की मुठभेड़ के मौत के करीब कई घंटे तक उसके मोबाइल फोन पर अलग-अलग नंबरों से लगातार फोन आ रहे थे। घटना स्थल पर ही सचिन का फोन जमीन पर पड़ा हुआ था। उस समय भी कई कॉल आई थीं। अब एसटीएफ यह पता लगा रही है कि सचिन के गिरोह में कौन लोग शामिल थे और वह यहां किसकी हत्या के इरादे से आया था। सूत्रों का कहना था कि सचिन को एक इंस्पेक्टर की सुपारी मिली थी, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि वह पुलिसकर्मी कौन है और शूटर को किसने सुपारी दी थी। 

ठिकाने और साथियों की तलाश

एसटीएफ की टीम सचिन के ठिकानों की पड़ताल कर रही है। कॉल डिटेल और लोकेशन के आधार पर यह जानकारी जुटाई जा रही है कि सचिन कहां और किसकी शह पर राजधानी में ठहरा था। एसटीएफ मुठभेड़ के समय सचिन के साथ मौजूद उसके साथी के बारे में भी पता लगा रही है। माना जा रहा है कि जल्द ही एसटीएफ अन्य शूटरों को गिरफ्तार करेगी।

दिनदहाड़े हुई थी मुठभेड़ 

विनम्र खंड तीन में एमिटी स्कूल के एसटीएफ ने रविवार को दिनदहाड़े मुठभेड़ में 50 हजार के इनामिया सचिन पांडेय को मार गिराया था। सचिन एक चाय की दुकान पर बैठा था, उसी दौरान एसटीएफ ने उसकी घेराबंदी की थी। पुलिस टीम को देखकर सचिन ने फायङ्क्षरग शुरू कर दी थी। जवाबी कार्रवाई में उसकी मौत हो गई थी।

यह भी पढ़े: 

STF की मुठभेड़ में आजमगढ़ का कांट्रेक्‍ट किलर ढेर, एमिटी स्कूल के पास हुआ एनकाउंटर 

Lucknow Encounter: एक इंस्पेक्टर की हत्या की सुपारी लेकर लखनऊ आया था सचिन, पुलिस को देखते ही चलाई गोलियां

एक इंस्पेक्टर की हत्या की सुपारी लेकर लखनऊ आया था सचिन, पुलिस को देखते ही चलाई गोलियां 

 

Posted By: Anurag Gupta

अब खबरों के साथ पायें जॉब अलर्ट, जोक्स, शायरी, रेडियो और अन्य सर्विस, डाउनलोड करें जागरण एप