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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 11, 2022 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Mulayam Singh Yadav: मुलायम सिंह के अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे आजम खां, अखिलेश यादव ने हाथ पकड़ कर दिया सहारा

By Jagran NewsEdited By: Umesh Tiwari
Published: Tue, 11 Oct 2022 12:33 AM (IST)

Mulayam Singh Yadav News मुलायम सिंह यादव का पार्थिव शरीर सोमवार शाम करीब पांच बजे गुरुग्राम से सैफई लाया गया। ...और पढ़ें

Mulayam Singh Yadav: सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां भी अंतिम दर्शन करने पहुंचे।
Mulayam Singh Yadav: सपा के वरिष्ठ नेता आजम खां भी अंतिम दर्शन करने पहुंचे।

UP News: लखनऊ, जेएनएन। उत्तर प्रदेश के इटावा जिले के सैफई गांव से साइकिल पर निकलकर देश के रक्षामंत्री की कुर्सी तक पहुंचे समाजवादी पार्टी के संस्थापक व संरक्षक मुलायम सिंह यादव (Mulayam Singh Yadav) का सोमवार सुबह 8.16 बजे देहावसान हो गया। तीन बार उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री रहे 82 वर्षीय 'नेताजी' ने गुरुग्राम स्थित मेदांता अस्पताल में अंतिम सांस ली, जहां 22 अगस्त से उनका इलाज चल रहा था।

देश-प्रदेश की राजनीति पर अपना प्रभाव छोड़ने वाले दिग्गज समाजवादी नेता के निधन पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृहमंत्री अमित शाह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सहित सभी दलों के वरिष्ठ नेताओं ने शोक व्यक्त किया है। मंगलवार को पैतृक गांव सैफई में मुलायम सिंह का अंतिम संस्कार किया जाएगा। प्रदेश सरकार की ओर से तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया गया है।

श्रद्धांजलि देने वालों का तांता

मुलायम सिंह यादव का पार्थिव शरीर सोमवार शाम करीब पांच बजे गुरुग्राम से सैफई लाया गया। वहां अंतिम दर्शन के लिए देह को रखा गया, जहां श्रद्धांजलि देने वालों का तांता लग गया। सीएम योगी आदित्यनाथ भी भाजपा प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह चौधरी और अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ श्रद्धांजलि अर्पित करने पहुंचे। इसी क्रम में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता व राष्ट्रीय महासचिव आजम खां ने भी अंतिम दर्शन किया। स्वास्थ्य ठीक नहीं होने के कारण आजम को अखिलेश यादव ने सहारा दिया। इस दौरान उनके बेटे अब्दुल्ला आजम भी थे।

कई दिनों से बीमार हैं आजम खां 

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां खुद भी लंबे समय से बीमार चल रहे हैं। पिछले माह दिल की नस ब्लॉक होने पर सरगंगाराम अस्पताल में स्टेंट डाला गया था। तब उनका हालचाल जानने के लिए सपा मुखिया अखिलेश यादव दिल्ली गए थे। आजम खां अस्पताल से रामपुर पहुंचे और सोमवार शाम सैफई के लिए रवाना हो गए। साथ में दो डाक्टर और उनके बेटे विधायक अब्दुल्ला आजम भी हैं। रात में ही सैफई पहुंच गए। वहां अखिलेश यादव से मुलाकात कर शोक संवेदना व्यक्त की। आजम खां के मुलायम सिंह से बेहद करीबी रिश्ते रहे हैं। वह समाजवादी पार्टी के संस्थापक सदस्य हैं। प्रदेश में जब भी समाजवादी पार्टी की सरकार बनी है, तब आजम खां कई-कई विभागों के मंत्री बने हैं।

सैफई में होगा अंतिम संस्कार

मंगलवार रथ पर सैफई महोत्सव पंडाल तक अंतिम यात्रा निकाली जाएगी, इस दौरान भी उनके अंतिम दर्शन किए जा सकेंगे। ब्लाक परिसर के बगल में स्थित उनकी पुश्तैनी जमीन पर मंगलवार अपराह्न तीन बजे उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। मुलायम सिंह यादव का अंतिम संस्कार चंदन की लकड़ी से होगा। सपा कार्यकर्ता और इत्र कारोबारी कन्नौज से चंदन की लकड़ी और गुलाब के फूल लेकर गए हैं।

राजनाथ, राहुल सहित कई नेता पहुंचेंगे सैफई

रक्षामंत्री राजनाथ सिंह, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा, उप मुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य, एनसीपी प्रमुख शरद पवार, तेलंगाना के मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव, चंद्र बाबू नायडू और बाबा रामदेव समेत कई हस्तियां मुलायम के अंतिम संस्कार में शामिल होंगी।

पार्टी मुख्यालय पर झुका सपा का झंडा

समाजवादी पार्टी के संरक्षक व पूर्व मुख्यमंत्री मुलायम सिंह यादव के निधन के बाद उनके सम्मान में पार्टी मुख्यालय पर पार्टी का झंडा झुका दिया गया। उनके निधन का समाचार मिलते ही प्रदेश कार्यालय पर पार्टी कार्यकर्ता व नेता सुबह से आने लगे। तमाम लोग मुलायम के साथ अपनी यादें दोहराते हुए भावुक भी हुए। सपा प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल व पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेन्द्र चौधरी, लालजी वर्मा, राम अचल राजभर, आरके चौधरी ने मुलायम के चित्र पर पुष्प चढ़ाकर उन्हें श्रद्धांजलि दी। 'नेताजी अमर रहें', 'जब तक सूरज चांद रहेगा, नेताजी का नाम रहेगा' नारों के बीच पंक्तिबद्ध कार्यकर्ताओं ने अपने प्रिय नेता को पुष्पांजलि अर्पित की।

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