लखनऊ, जागरण संवाददाता। नार्दर्न रेलवे मल्टी स्टेट को-आपरेटिव बैंक लिमिटेड में ग्रूप डी के पदों पर गुपचुप तरीके से भर्ती प्रक्रिया कराने का आरोप लगे हैं। उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन की ओर से बैंक के चेयरमैन को पत्र लिखकर 16 पदों पर एक साजिश के तहत बिना व्यापक प्रचार किए आवेदन मांगे जाने की शिकायत की गयी है।

शिकायत में कहा गया कि भर्ती की अधिसूचना का विज्ञापन एक ऐसे समाचार पत्र में दिया गया। जिसकी प्रसार संख्या बहुत कम है। ग्रुप डी के सहयोगी 16 पदों में आठ सामान्य, चार अनुसूचित जाति व जनजाति और चार पद अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षित किए गए। इसके लिए वेतनमान 5200-20200 रुपये तय किया गया। उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन के मंडलमंत्री विद्यानाथ यादव ने भर्ती प्रक्रिया में अनियमितता की शिकायत बैंक प्रबंधन से की।

आरोप है कि बैंक प्रबंधन ने शिकायत पत्र को खोले बिना ही उसे वापस कर दिया। यूनियन ने इस पूरे मामले की जांच करने के साथ बैंक के अंदर किसी भी तरह की रिक्ति के लिए चयन निष्पक्ष संस्था से कराने की मांग की है। इससे पहले भी बैंक में पिछले दरवाजे से भर्ती की गयी थी। जिसकी जांच सहकारिता विभाग ने की थी। इसके बाद यह भर्ती तो निरस्त हो गयी लेकिन कुछ लोगों को पहले डेलीवेज पर भर्ती कर उनको एक योजना के तहत स्थायी कर भर्ती की गयी।

Edited By: Vikas Mishra