लखनऊ, विधि संवाददाता। आतंकी गतिविधियों के मामले में जेल में बंद मो. नदीम, हबीबुल इस्लाम उर्फ सैफुल्ला और सबाहुद्दीन एसटीएस की कस्टडी रिमांड में रहेंगे। एनआइए/एटीएस की विशेष अदालत ने नदीम और सैफुल्ला को 12 दिन और सबाहुद्दीन को 10 दिन की पुलिस कस्टडी रिमांड मंजूर की है। विशेष जज अनुरोध मिश्र ने यह आदेश एटीएस की ओर से दाखिल अलग अलग अर्जी पर दिया है। इन तीनों अभियुक्तों की कस्टडी रिमांड की अवधि 17 अगस्त की सुबह 10 बजे से शुरू होगी। इस अर्जी पर सुनवाई के दौरान तीनों अभियुक्त जेल से अदालत में उपस्थित थे।

एटीएस के पुलिस उपाधीक्षक शैलेंद्र सिंह राठौर ने अर्जी पेश कर अभियुक्त नदीम व सैफुल्ला का 14 दिन के लिए पुलिस कस्टडी रिमांड मांगा था। वहीं, पुलिस उपाधीक्षक विपिन कुमार राय ने अभियुक्त सबाउद्दीन को 10 दिन के लिए पुलिस कस्टडी रिमांड में देने की मांग की थी। विशेष लोक अभियोजक एमके सिंह ने इस अर्जी पर बहस की।

उनका कहना था कि 12 अगस्त को सहारनपुर निवासी नदीम व 14 अगस्त को फतेहपुर निवासी सैफुल्ला को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया था। यह दोनों पाकिस्तानी आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी हैंडलरों के लगातार संपर्क में थे। यह भारत में किसी बड़ी आतंकी घटना को अंजाम देने के इरादे से आतंकवाद की ट्रेनिंग के लिए पाकिस्तान जाने की फिराक में थे।

सैफुल्ला पाकिस्तानी आतंकी हैंडलर द्वारा टेलीग्राम एप पर बनाए गए राह-ए-हिदायत ग्रुप से भी जुड़ा है। इस ग्रुप में कई पाकिस्तानी व अफगानी जेहादी मुजाहिद जुड़े हुए हैं। यह दोनों अभियुक्त बाद में गुरबा नामक टेलीग्राम एप से एक-दूसरे से जुड़ गए थे। इनके पास से बरामद मोबाइल से पता चला कि यह दोनों देश विरोधी कृत्यों में लिप्त हैं और साजिशन देश की एकता, अखंडता व संप्रुभता को क्षति पहुंचाने में लगे हैं।

इन अभियुक्तों से बरामद मोबाइल को विधि विज्ञान प्रयोगशाला भेजकर उसका डाटा प्राप्त करना और उसी आधार पर इनसे पूछताछ करना है। इनके अन्य साथियों की शिनाख्त भी करनी है। ये जिन स्थानों पर आतंकी घटना को अंजाम देने वाले थे उसे भी चिंहित कराना है। इन दोनों का एक-दूसरे से आमना-सामना कराकर भी पूछताछ करना है।

इनके जेहादी कार्यों में गुजरात, महाराष्ट्र, झारखंड व कश्मीर के लोग जुड़े हैं, उनका भी शिनाख्त कराना है। 12 अगस्त, 2022 को इस मामले की एफआइआर सुधीर कुमार उज्जवल ने थाना एटीएस, गोमतीनगर में दर्ज कराई थी।वहीं आठ अगस्त को गिरफ्तार आजमगढ़ निवासी सबाउद्दीन का 10 दिन के लिए कस्टडी रिमांड मांगा गया। कहा गया कि यह आतंकी संगठन आइएसआइएस की जिहादी विचारधारा का प्रचार-प्रसार कर रहा था।

व्हाट्सएप पर टेलीग्राम एप के जरिए अरबी भाषा में जिहादी बातें करता था। इसके द्वारा देश व प्रदेश के विभिन्न संवेदनशील स्थानों पर विस्फोट करने की योजना थी। इसके बैंक खातों का विश्लेषण करना है। इसके विभिन्न संगठनों की जानकारी करनी है। इसे अवैध असलहा मुहैया कराने वाले का पता लगाना है। नौ अगस्त, 2022 को इस मामले की एफआइआर निरीक्षक भारत भूषण तिवारी ने थाना एटीएस, गोमतीनगर में दर्ज कराई थी।

Edited By: Anurag Gupta