डोंगराखुर्द (ललितपुर) : पिछले 20 दिनों से लगातार हो रही बारिश से किसानों की मूँग व उड़द की फसलें खेत में सड़ कर नष्ट हो रही है।

किसानो का कहना है कि मूँग की फसल पक कर तैयार हो गई थी और टूटने का काम जारी था। इस साल शुरू में फसल अच्छी नजर आ रही थी और किसानों को आस लगने लगी थी कि इस रबी की फसल से साहूकारों का कर्ज तो चुक ही जायेगा। एक बार फिर इन्द्रदेव किसानों से रुठ गये और शुरु में कम-कम और बाद में मेघ इतने बरसे की किसानों के सारे अरमानों पर पानी फिर गया है। अधिक वर्षा होने से तहसील पाली के दिगवार, डोंगरा खुर्द, बरेजा, तरावली, पटना, पारोल, बरौदिया, सिंगरवारा, गुरयाना, जामनी, चादौरा, गुढा मडावरा, खिरिया उवारी में सही समय पर बोनी हो गई थी और फसल ठीक थी कि मेघा के झमाझम बरसने से सारी फसल सड़ कर नष्ट हो गयी है। ऐसे में ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से पानी में सड़ गई फसल के मुआवजा की माग की है।

अर्जुनखिरिया (ललितपुर) : तहसील पाली के डेढ़ दर्जन से भी ज्यादा ग्रामों में चल रही लगातार तेज बारिश में खरीफ की फसलों को तबाह कर दिया। वही ग्रामीणजनों का कहना है हमारे क्षेत्र में एक भी ऐसा गाव नहीं बचा जो जलमग्न नहीं हुआ हो खेत बारिश के पानी से भरे पड़े हैं और फसलों का स्वाहा हो गया। वही ग्राम उमरिया, बमोरी, सिंदवाहा, जमौरा, सरखडी, इमिलिया, नयागाव, झरावटा, बगौनी, बड़गाना, बछरई, ललतापुर, वनयाना, धौलपुरा, गदौरा, दैनपुरा, गदनपुर, मुडिया, पड़रिया, महाराजपुरा, अर्जुनखिरिया आदि के ग्रामवासी अपनी फसलों को देखकर माथे से हाथ लगाए बैठे हैं। किसानों ने आर्थिक मदद दिलाये जाने की माँग की।

Posted By: Jagran