UP PET Exam: लखीमपुर खीरी में प्रशासन के इंतजाम नाकाफी, शौचालय की कमी से महिला परीक्षार्थियों को परेशानी
लखीमपुर खीरी में पीईटी परीक्षा के दौरान अभ्यर्थियों को बुनियादी सुविधाओं और ठहरने की व्यवस्था न होने से भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

कई परीक्षार्थियों को खुले आसमान के नीचे रात गुजारनी पड़ी
संवादसूत्र, लखीमपुर। जिले के अधिकारियों ने पीईटी परीक्षा को लेकर पहले से कोई इंतजाम नहीं किए थे। इसे लेकर परीक्षा देने आए अभ्यर्थियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। जिला मुख्यालय पर जहां सड़कों के किनारे दिन में भी गलियों में छाया थी परीक्षार्थी धूप से बचते छाया तलाशते दिखाई दिए। वहीं रात में भी रुकने के कोई प्रबंध न होने से उन्हें खुले आसमान के नीचे ही मार्केट के बरामदों में रात गुजारनी पड़ी।
किसान इंटर कॉलेज में रविवार को पीईटी की परीक्षा में शामिल होने दूरदराज के अभ्यर्थियों को ठहरने और बुनियादी सुविधाओं के अभाव से जूझना पड़ा। सीतापुर जिले के रामपुर मथुरा, नैमिष, समेत कई क्षेत्रों और लखनऊ से परीक्षार्थी परीक्षा देने पहुंचे थे। ग्रामीण क्षेत्र में ठहरने के विकल्प सीमित होने के कारण कुछ अभ्यर्थियों को रात सड़क के किनारे खुले आसमान के नीचे गुजारनी पड़ी।
जिला मुख्यालय पर स्वामी श्याम प्रकाश इंटर कॉलेज, इस्लामिया इंटर कॉलेज, अब्दुल कलाम आजाद गर्ल्स इंटर कॉलेज के आसपास खड़े अपनी पाली का इंतजार करते परीक्षार्थी छाया तलाशते दिखाई दिए। इन परीक्षार्थियों ने बताया कि काफी लोग जो एक दिन पहले रात में ही आ गए थे, उनके लिए प्रशासनिक तौर पर कोई रुकने का इंतजाम न होने से उन्हें या तो दुकानों के शटर के आसपास या बाजार के बरामदों में रात गुजारनी पड़ी।
ठहरने के लिए भटकने का दावा
परीक्षार्थियों के मुताबिक, परीक्षा केंद्र के आसपास होटल और ठहरने के दूसरे विकल्प नहीं होने से रात बिताने में परेशानी हुई। दूर से आने वाले कई अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले रातभर जागना पड़ा। इससे उनकी परीक्षा की तैयारी और आराम प्रभावित हुआ। हालांकि, कितने परीक्षार्थियों को इस समस्या का सामना करना पड़ा, इसकी आधिकारिक जानकारी नहीं मिली।
शौचालय की कमी से महिलाओं को परेशानी
महिला अभ्यर्थियों को सार्वजनिक शौचालयों की पर्याप्त उपलब्धता नहीं होने से परेशानी उठानी पड़ी। परीक्षा केंद्र के चयन के दौरान आसपास की बुनियादी सुविधाओं का आकलन किया गया था या नहीं, यह स्पष्ट नहीं हो सका।
केंद्र चयन पर उठे सवाल
नाम न छापने की शर्त पर कुछ परीक्षार्थियों ने ग्रामीण क्षेत्र में परीक्षा केंद्र बनाए जाने पर आपत्ति जताई। उनका कहना था कि दूरदराज से आने वाले अभ्यर्थियों के लिए ठहरने और शौचालय जैसी सुविधाओं का ध्यान रखा जाना चाहिए था। परीक्षार्थियों की इन शिकायतों पर संबंधित अधिकारियों का पक्ष नहीं मिल सका।
