लखीमपुर में दुधवा नेशनल पार्क के हाथियों का आतंक, दो किसानों को सूंड़ में लपेटकर पटका; हालत गंभीर
लखीमपुर खीरी के सिंगाही में दुधवा नेशनल पार्क से सटे खेतों में जंगली हाथियों के हमले से दो किसान गंभीर ...और पढ़ें

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HighLights
सिंगाही में जंगली हाथियों ने दो किसानों पर हमला किया।
हाथियों के हमले से किसान गंभीर रूप से घायल हुए।
ग्रामीणों ने वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया।
संवाद सूत्र, सिंगाही (लखीमपुर खीरी)। दुधवा नेशनल पार्क की बेलरायां वन रेंज से सटे खेतों में इन दिनों जंगली हाथियों का आतंक चरम पर है। मंगलवार देर रात खेतों की रखवाली कर रहे दो किसानों पर आक्रोशित हाथियों के झुंड ने जानलेवा हमला कर दिया।
हाथियों ने दोनों किसानों को सूंड़ में लपेटकर जमीन पर पटक दिया, जिससे वे गंभीर रूप से घायल हो गए। चीख-पुकार सुनकर दौड़े ग्रामीणों ने बमुश्किल हाथियों को खदेड़कर दोनों की जान बचाई। घायलों को आनन-फानन में सीएचसी में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, संपूर्णानगर और बेलरायां वन रेंज के सीमावर्ती गांवों में पिछले कई दिनों से हाथियों का एक बड़ा झुंड डेरा डाले हुए है। यह झुंड रात के समय खेतों में घुसकर गन्ने और धान की खड़ी फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहा है।
बुरी तरह किया घायल
बीती रात जब हाथियों का झुंड खेत में दाखिल हुआ, तो वहां मचान पर रखवाली कर रहे किसान रामकुमार और लाडी ने शोर मचाकर उन्हें भगाने का प्रयास किया। शोर सुनते ही हाथियों का झुंड भड़क गया और उसने किसानों पर हमला बोल दिया। भागने की कोशिश के दौरान हाथियों ने दोनों को अपनी चपेट में ले लिया और बुरी तरह घायल कर दिया।
घटना के बाद से सीमावर्ती गांवों के ग्रामीणों में वन विभाग के प्रति गहरा आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि हाथियों के मूवमेंट की सूचना लगातार वन कर्मियों को दी जा रही थी, लेकिन विभाग की ओर से गश्त बढ़ाने या हाथियों को खदेड़ने का कोई ठोस प्रयास नहीं किया गया। ग्रामीणों ने घायलों के उचित इलाज और फसलों के नुकसान के मुआवजे की मांग की है।
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वहीं, मामले में रेंज अधिकारी का कहना है कि वन विभाग की टीम को मौके पर भेजा गया है और हाथियों की निगरानी के लिए गश्त बढ़ा दी गई है। ग्रामीणों को रात में अकेले खेतों पर न जाने की सलाह दी गई है और नियमानुसार पीड़ितों को मुआवजा दिलाने की कार्रवाई की जा रही है।
