कुशीनगर: रविवार को नारायणी नदी के वाल्मीकिनगर बैराज से पानी के डिस्चार्ज में 11 हजार क्यूसेक की कमी दर्ज की गई। 1.41 लाख क्यूसेक डिस्चार्ज हुआ। पिपराघाट गेज पर जलस्तर 15 सेंटीमीटर घट गया। यहां नदी 75.25 मीटर पर स्थित है। नदी खतरे के निशान 76.20 मीटर से 95 सेंटीमीटर नीचे बह रही है। नदी का जलस्तर घटने के बावजूद एपी बांध पर दबाव कायम है। पूर्व में जहां कटान हो रही थी वहां स्थिति अब भी संवेदनशील बनी हुई है।

तमकुहीराज तहसील क्षेत्र में स्थित एपी बांध पर नदी लगाता दबाव बढ़ा रही है। बांध के किमी 17 अहिरौलीदान के कचहरी टोला, किमी 12.500 से किमी 13.500 बाघाचौर नोनिया पट्टी के सामने, नरवाजोत विस्तार बांध, अमवाखास बांध के किमी 7.500 से किमी 8.600 व लक्ष्मीपुर में स्थिति संवेदनशील बनी हुई है। इन जगहों पर खेती की जमीन में कटान तो हो रही रही है, नदी आबादी की ओर भी बढ़ रही है। पानी के लगातार उतार चढ़ाव की वजह से कचहरी टोला, नरवाजोत-पिपराघाट बांध के किमी 950 से किमी 1.1450 पर दबाव बना हुआ है। यहां बांध के स्लोप को बचाने के लिए लगातार कार्य किया जा रहा है। बाढ़ खंड के अधिशासी अभियंता एमके सिंह ने कहा कि बांध को कोई खतरा नहीं है। बांध पूरी तरह सुरक्षित है। जिन जगहों पर कटान हो रही है वहां बचाव कार्य किया जा रहा है। स्थिति पर नजर रखी जा रही है।

गंभीर आरोपों में नगर पंचायत के वरिष्ठ लिपिक निलंबित

नगर पंचायत कप्तानगंज की चेयरमैन आभा गुप्ता ने गंभीर आरोपों में वरिष्ठ लिपिक सविता भारती को निलंबित कर दिया है। रविवार को कस्बा स्थित कैंप कार्यालय में पत्रकार वार्ता में उन्होंने इसकी जानकारी दी।

उन्होंने कहा कि नगरपालिका अधिनियम 1916 की धारा 69 (क) में प्रदत्त अधिकार का प्रयोग करते हुए नगर पंचायत के वरिष्ठ लिपिक को निलंबित किया गया है। इन पर सेवा निवृत्त कर्मचारी का बकाया भुगतान न करने, पेंशन की राशि में हेराफेरी करने, फर्जी भुगतान को लेकर दबाव बनाने, बिना अवलोकन के कैशबुक की आडिट कराने, कर्मचारियों को समय से मानदेय का भुगतान न करने समेत 14 आरोप हैं। कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप उपनगर के विकास व स्वच्छता अभियान में कुछ लोग बाधा उत्पन्न कर मेरी छवि धूमिल कर रहे हैं। उनकी ओर से सफाई कर्मचारियों को उकसा कर आंदोलन कराया जा रहा है। इससे कस्बा की सफाई व्यवस्था ध्वस्त हो गयी है। कार्यालय के एक कर्मचारी की अड़ियल कार्यशैली की वजह से पोल पर खराब बल्व बदले नहीं जा रहे हैं। इससे रात में अंधकार छाया रहता है।

Edited By: Jagran