यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 25, 2021 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
फतेहपुर में 11 लाख के नकली नोटों के साथ छह पकड़े गए, लोगों को झांसा देकर ठगी करता था गिरोह
Fake Currency Caught in Fatehpur हत्थे चढ़े नकली नोट गिरोह के सदस्यों केतन शर्मा इरफान शाह निवासी कुशुम्भी थाना अजगैन ...और पढ़ें

फतेहपुर, जेएनएन। वाहन चेकिंग के दौरान पुलिस ने रविवार रात नकली नोटों का धंधा करने वाले गैंग का राजफाश कर चार शातिरों को दबोचा है। उनसे 11 लाख रुपये के नकली नोट, बाइक, तमंचा व तीन मोबाइल फोन बरामद हुए हैं। उन्नाव निवासी होटल संचालक गैंग सरगना की तलाश में छापेमारी की गई, लेकिन वह भाग निकला। गैंग का उप्र के साथ ही कई प्रांतों तक नेटवर्क है। चारों ने बताया कि वह नकली नोट खपाने के लिए फतेहपुर आए थे। बैंक शाखाओं, दुकानों के आसपास व ग्रामीण क्षेत्र की बाजारों में ग्राहकों को रकम दोगुनी करने का झांसा देकर नकली नोट देने के बाद असली लेकर भाग जाते थे।
लोधीगंज बाईपास पर वाहन चेङ्क्षकग के दौरान शहर कोतवाली प्रभारी अनूप ङ्क्षसह ने बाइक सवार उन्नाव के अजगैन थानाक्षेत्र के कुसुंभी निवासी केतन शर्मा व गंगाघाट थानांतर्गत शुक्लागंज से सटे मदनीपुर निवासी इसरार अहमद को रोका। तलाशी में केतन के पास बैग से 500 के नोटों की 14, इसरार के पास 500 के नोटों की 10 गड्डियां बरामद हुईं। इसके बाद केतन की निशानदेही पर जीटी रोड में खड़े दो साथियों उन्नाव के ही थाना हसनगंज के मलकाहिम सराय निवासी विनोद कुमार गौतम, अजगैन थानाक्षेत्र के कुसुंभी के इरफान शाह को पकड़ा गया। इनके पास से 500 रुपये की 12 गड्डियां मिलीं। बरामद गड्डियों में 11 लाख रुपये के नकली नोट थे, जबकि बाकी नोट के आकार के कागज व एक तरफ छपे नोट थे। हालांकि, सभी में नंबर पड़े थे। सीओ सिटी संजय कुमार ङ्क्षसह ने बताया कि मूलरूप से उन्नाव के गंगाघाट और वर्तमान में अजगैन कस्बा में रहकर होटल चलाने वाले गैंग सरगना विनोद ङ्क्षसह की तलाश में छापा मारा गया, लेकिन वह नहीं मिला। सरगना ही प्रिंटर से नोट छापकर सदस्यों को देता था। शहर कोतवाली प्रभारी अनूप सिंह ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर चारों को जेल भेजा गया है। विनोद के पास तमंचा मिलने पर उसके खिलाफ आम्र्स एक्ट की भी कार्रवाई की गई है। प्रदेश के उन्नाव, कानपुर नगर व देहात, रायबरेली, हमीरपुर, बांदा, कौशांबी के साथ ही कई दूसरे प्रांतों तक गैंग का नेटवर्क है। पूरे नेटवर्क की जड़ें खंगाली जा रहीं हैं।
