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दीवाली पर गिफ्ट हैंपर्स में बदला ट्रेंड, देसी बीज दे रहे विदेशी मेवों को दे रहे टक्कर, जानें क्या है खास?

Published: Sat, 24 Oct 2026 10:05 PM (IST)

दीपावली पर पारंपरिक मिठाइयों और मेवों के बजाय अब देसी बीज और सूखी बेरी वाले गिफ्ट हैंपर्स की मांग बढ़ ...और पढ़ें

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HighLights

  1. देसी बीज और सूखी बेरी वाले गिफ्ट हैंपर्स की बढ़ी मांग

  2. सेहत, स्वाद और बजट का संगम, खरीदारों की पहली पसंद

  3. पारंपरिक मेवों की जगह ले रहे खरबूज-तरबूज के बीज

अखिलेश तिवारी, कानपुर। दीपावली पर अपनों को उपहार देने की परंपरा अब नए अंदाज में नजर आ रही है। मिठाइयों और काजू-बादाम से सजे पारंपरिक गिफ्ट पैक्स के बीच इस बार खरबूज और तरबूज के बीजों की मांग बढ़ रही है। कभी मिठाई और सूखे मेवों के साथ सीमित मात्रा में इस्तेमाल होने वाले ये बीज अब गिफ्ट हैंपर्स का अहम हिस्सा बन रहे हैं। इनके साथ क्रैनबेरी, ब्लूबेरी और ड्राइड चेरी जैसी सूखी बेरियां भी पैक की खूबसूरती और विविधता बढ़ा रही हैं। कारोबारियों के मुताबिक, सेहत को प्राथमिकता देने वाले ग्राहकों के बीच ऐसे हैंपर्स का आकर्षण बढ़ा है।

पारंपरिक मेवों के साथ बदला गिफ्ट पैक का अंदाज

दीपावली पर काजू, बादाम, पिस्ता, किशमिश और अखरोट की मांग हमेशा बनी रहती है, लेकिन अब ग्राहक केवल महंगे मेवों से भरे डिब्बे तक सीमित नहीं हैं। वे ऐसे गिफ्ट पैक पसंद कर रहे हैं, जिनमें स्वाद, पौष्टिकता और आकर्षक पैकेजिंग का संतुलन हो। खरबूज और तरबूज के बीज इस जरूरत को पूरा कर रहे हैं। इन्हें दूसरे मेवों के साथ मिलाकर या अलग-अलग खानों वाले डिब्बों में आकर्षक ढंग से सजाया जा रहा है।

सेहत और स्वाद का मेल बना पसंद

खरबूज और तरबूज के बीज प्रोटीन, मैग्नीशियम, जिंक और अन्य पोषक तत्वों के स्रोत हैं। वहीं, इनमें मौजूद वसा का बड़ा हिस्सा असंतृप्त वसा होता है। इन खूबियों के कारण स्वास्थ्य के प्रति जागरूक ग्राहक इन्हें अपने खानपान में जगह दे रहे हैं। गिफ्ट पैक में इनकी मौजूदगी उपहार को पारंपरिक मेवों से अलग पहचान भी देती है। हालांकि, इनके पोषण संबंधी लाभ संतुलित आहार का हिस्सा होने पर निर्भर करते हैं।

इसके बावजूद गिफ्ट हैंपर्स में अब ड्राइड क्रैनबेरी, ब्लूबेरी और चेरी का इस्तेमाल बढ़ रहा है। इनका खट्टा-मीठा स्वाद मेवों और बीजों के साथ अलग अनुभव देता है। रंगों की विविधता के कारण पारदर्शी जार, लकड़ी के बाक्स और सजावटी ट्रे में तैयार पैक देखने में भी आकर्षक लगते हैं। खासकर कारपोरेट उपहारों और रिश्तेदारों को दिए जाने वाले प्रीमियम पैक्स में अलग-अलग स्वादों का संयोजन पसंद किया जा रहा है।

बजट के मुताबिक तैयार हो रहे कस्टमाइज्ड हैंपर

बाजार में ग्राहकों की जरूरत के अनुसार छोटे, मध्यम और प्रीमियम गिफ्ट पैक तैयार किए जा रहे हैं। बजट के हिसाब से बीजों, सूखे मेवों और बेरीज का अनुपात बदला जा सकता है। इससे ग्राहक अपनी जेब के मुताबिक उपहार चुन सकते हैं, जबकि कारोबारियों को भी अलग-अलग श्रेणी के ग्राहकों तक पहुंचने का मौका मिल रहा है। दीपावली नजदीक आने के साथ गिफ्ट पैक्स की खरीदारी तेज हो रही है। बाजार में बदलती पसंद का संकेत यह है कि अब उपहार की कीमत और पैकेजिंग के साथ उसकी उपयोगिता पर भी ध्यान दिया जा रहा है। यही वजह है कि पारंपरिक मेवों के साथ देसी बीजों और सूखी बेरियों का मेल इस बार गिफ्ट हैंपर्स को नया रूप दे रहा है।

 

 

मेवा के भाव
भाव रुपये प्रति किलो में
मेवा का नाम भाव (₹/किलो)
बादाम 1,100–1,150
काजू 600–1,400
अखरोट 700–1,000
भारतीय किशमिश (नासिक-सांगली) 350–600
कंधारी किशमिश 600 से शुरू
खरबूज का बीज 500
तरबूज 650