उन्नाव, जेएनएन। Big Accident in Unnao गंगा का जलस्तर बढ़ने से चंपापुरवा कटरी में हुई तेज कटान के चलते गुरुवार शाम लगभग छह बजे 220 केवी लाइन का ट्रांसमिशन टावर धराशायी हो गया। टावर के पास खड़ी लगभग छह नावें क्षतिग्रस्त हुई हैं। टावर के गिरते ही पश्चिमी गंगाघाट क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई।

टावर गिरने की सूचना पर विद्युत पारेषण मंडल प्रथम कानपुर के अधीक्षण अभियंता अवधेश पासवान व अधिशासी अभियंता आशू कुमार और कार्यकारी एजेंसी के अधिकारी आरसी बाजपेई मौके पर पहुंचे। उन्होंने बताया कि टावर की लाइन उन्नाव से फूलबाग कानपुर तक गई है। टावर बिना लोड के चल रहा था। यह भी बताया कि जैसे ही किसी भी ट्रांसमिशन टावर को खतरा होता है तो उसकी लाइन पहले ही आटोमेटिक टिप हो जाती है। नाव से मौके पर पहुंचे विद्युत अधिकारियों ने बताया कि रात के अंधेरे व तेज कटान के कारण निरीक्षण करने में दिक्कत हो रही है। शुक्रवार को अन्य अधिकारियों के साथ पहुंच कर मुआयना किया जाएगा।

यूपी प्रोजेक्ट कारपोरेशन ने 35 जियो ट्यूब डाल किया था टावर बचाने का प्रयास: यूपी प्रोजेक्ट कारपोरेशन के अधिकारियों ने ट्रांसमिशन टावर के पास 35 बालू भरे जियो ट्यूब डलवाए थे। बीती चार अक्टूबर को काम समाप्त करा दिया गया था। उसके बाद से अब तक कोई भी वहां झांकने नहीं पहुंचा था।

दैनिक जागरण बराबर चेता रहा था: गुरुवार के अंक में दैनिक जागरण ने चंपापुरवा कटरी में कटान से टावर व बस्ती में बढ़ा खतरा शीर्षक से समाचार छापा था। उसी दिन गुरुवार शाम को ही टावर धराशायी हो गया।

27 सेंटीमीटर और बढ़ा गंगा का जलस्तर: गंगा नदी का जलस्तर बीते 22 घंटों में 27 सेंटीमीटर और बढ़ गया है। जलस्तर बढ़ने से तटवर्ती मुहल्लों में एक बार फिर से हलचल मच गई है। गंगा में पानी बढ़ने से सीताराम कालोनी, बालूघाट, मनोहरनगर, इंदिरा नगर, शक्तिनगर, रविदासनगर, बहादुर बगिया आदि तटवर्ती मुहल्लों में रहने वाले लोगों की बेचैनी बढ़ गई है। केंद्रीय जल आयोग के अनुसार बुधवार शाम 6 बजे गंगा नदी का जलस्तर 110.840 मीटर रिकार्ड किया गया था। जो कि गुरुवार शाम 4 बजे 111.110 मीटर पहुंच गया है।

Edited By: Shaswat Gupta