फर्रुखाबाद, जेएनएन। मायके में होने वाले कार्यक्रम में शामिल होने जा रही बिजली ठेकेदार की पत्नी को रोडवेज बस अड्डे पर टप्पेबाजों ने अपनी बातों में उलझा कर करीब सात लाख रुपये के जेवर पार कर दिए। महिला ने बदहवासी की हालत में पति के साथ कोतवाली पहुंचकर तहरीर दी। पुलिस ने बस अड्डे के आसपास के सीसीटीवी कैमरे खंगाले, लेकिन टप्पेबाजों का कोई सुराग नहीं मिला। 

मैनपुरी जिले के कस्बा कुसमरा निवासी बिजली विभाग के ठेकेदार संजय गुप्ता की पत्नी रचना गुप्ता अपनी 10 वर्षीय बेटी अराध्या और आठ वर्षीय बेटे सोना को लेकर शाहजहांपुर के कुटार कस्बा स्थित मायके में भाई विकास गुप्ता के यहां कार्यक्रम में शामिल होने जा रही थीं। उन्हें फर्रुखाबाद में बस बदलनी थी। वह रोडवेज बस अड्डे पर ही शाहजहांपुर जाने वाली बस का इंतजार कर रही थीं। इस दौरान एक युवक ने उनसे पूछा कि कहां जाएंगी। उन्होंने बताया कि शाहजहांपुर जाना है तो उसने कहा कि कुछ दूर पर एक्सीडेंट होने के कारण यहां से कोई बस नहीं जा रही है। आगे उसकी गाड़ी खड़ी है, वह जलालाबाद मोड़ पर छोड़ देगा। रचना उसकी बात पर यकीन कर उसके साथ लाल गेट की ओर चल दीं। कुछ दूर जाते ही युवक का साथी भी मिल गया। उसने रचना से कहा कि जमाना खराब है, वह अपना जेवर उतारकर बैग में रख लें। इसके बाद रचना ने अपने जेवर उतारकर बैग में रख लिए। उसके साथी ने बैग अपने हाथ में ले लिया। मौका मिलते ही उसने जेवर निकालकर बैग पकड़ा दिया। इस दौरान रचना कुछ समझ पाती तब तक दोनों वहां से चंपत हो गए। बस स्टैंड पर लौटकर आई रचना शाहजहांपुर जाने वाली बस पर बैठ गईं। उन्होंने बस में बैग देखा तो जेवर गायब देख अपने पति संजय गुप्ता को सूचना दी। स्वजन के साथ संजय बस अड्डे पर पहुंचे। रचना के मुताबिक बैग में चार सोने की चूडिय़ां, मंगलसूत्र, चेन, अंगूठी थे। इनकी अनुमानित कीमत सात लाख रुपये है। संजय ने कहा कि जेवर बरामद कराने वाले को 21 हजार का इनाम दिया जाएगा। एसओजी ने भी रचना से पूछताछ की। कोतवाली प्रभारी वेदप्रकाश पांडेय ने बताया कि मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है। 

Edited By: Shaswat Gupta