कानपुर, जागरण संवाददाता। करवा चौथ की सुबह गणेश शंकर विद्यार्थी मेमोरियल (जीएसवीएम) मेडिकल कालेज में कार्यरत डाक्टर दंपती के बीच मारपीट के मामले में पांच लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है। डाक्टर पति, सास और ससुर समेत पांच लोगों को आरोपित बनाया गया है।

मुरादाबाद के सिविल लाइंस निवासी डा. पारुल सिंह की शादी 22 फरवरी 2004 को नवाबगंज विष्णुपुरी निवासी डा. आरपीएस भारद्वाज के बेटे डा. सिद्धार्थ सिंह से हुई थी। डा. सिद्धार्थ जीएसवीएम मेडिकल कालेज में एसोसिएट प्रोफेसर (सर्जरी) और डा. पारुल नेत्र रोग विशेषज्ञ हैं। दोनों की 15 वर्ष की बेटी और 10 वर्ष का बेटा है। पिछले काफी समय से दंपती में मनमुटाव चल रहा है। पारुल ससुराल से अलग पार्वती बागला रोड पर रहने लगी थीं। 14 सितंबर, 2021 को दोनों ने परिवार न्यायालय में तलाक का मुकदमा दायर किया था। इसमें एक अप्रैल 2022 की तारीख लगी थी। 21 अक्टूबर को पारुल ने कोर्ट में अर्जी लगाकर तलाक लेने से इन्कार कर दिया और ससुराल आ गई थीं, तभी मारपीट हुई थी।

मामले में पत्नी पारुल की तरफ से दी गई तहरीर में आरोप है कि दहेज के लिए ससुरालीजन शादी के बाद से ही प्रताडि़त कर रहे थे। उन्होंने जबरन तलाक के कागजात पर दस्तखत करा लिए। करवा चौथ की सुबह पति, ससुर डा. आरपीएस भारद्वाज, सास शशि भारद्वाज ने मारपीट की और गला दबाकर मारने की कोशिश की। साथ ही ड्राइवर सनी ने कार चढ़ाने की कोशिश की और पति के मामा सुनील चौहान ने भी आरोपितों का साथ दिया। नवाबगंज थाना प्रभारी देवेंद्र दुबे ने बताया कि महिला की तहरीर के आधार पर दहेज उत्पीडऩ, घरेलू हिंसा आदि की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।

Edited By: Abhishek Agnihotri