कानपुर, जागरण संवाददाता। बजरंग दल छोड़ दो वरना तुम्हें और तुम्हारे परिवार की गर्दन काट देंगे। ये धमकी गुजैनी के मर्दनपुर गांव में दूसरे समुदाय के लोगों ने बजरंग दल कार्यकर्ता के घर में घुसकर दी है। विरोध करने पर मारपीट भी की गई।

पीड़ित परिवार इस घटना से इतना सहम गया कि गेट पर मकान बिकाऊ है और पलायन के पोस्टर चस्पा कर दिए। साथ ही, गुजैनी थाने में छह नामजद और अन्य लोगों के खिलाफ बलवा, मारपीट, धमकी, एससी-एसटी की धारा में रिपोर्ट दर्ज कराई है।

मर्दनपुर गांव निवासी उमेशचंद्र वर्मा के परिवार में पत्नी विजय लक्ष्मी, 18 वर्षीय बेटा रितिक वर्मा, रौनक और दो बेटियां हैं। रितिक ने बताया कि इंटर पास करने के बाद वह प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं। बजरंग दल के कार्यकर्ता भी हैं। गली में ज्यादातर लोग विशेष वर्ग के रहते हैं। बजरंग दल से जुड़े होने के चलते लोग उनसे खुन्नस रखते हैं।

18 जून की रात मोहल्ले के अनीस अली, शानशाह आलम, मेहरूखान, साहिल उर्फ गोल्डी, हसन, बड़कऊ व अन्य लोग घर में घुस आए और मारपीट करने लगे। धमकी दी कि बजरंग दल छोड़ दो। भले ही किसी और संगठन से जुड़ जाओ। अगर बरजंग दल नहीं छोड़ा तो गर्दन काट कर हत्या कर देंगे। मां और बहनें उसे बचाने पहुंचीं तो उनसे भी धक्का-मुक्की की गई। जाति सूचक शब्दों का प्रयोग कर पाकिस्तान के पक्ष में नारे भी लगाए।

पीड़िता का आरोप है कि उन लोगों में कुछ लोग 19 जून की सुबह भी घर में घुस आए और रात की बात याद रखना। पुलिस कुछ नहीं कर पाएगी जैसी धमकियां दीं। इससे डरी-सहमी मां ने हाथ तक जोड़ लिए, जिसके बाद वो लोग गए।

मुख्यमंत्रीजी असुरक्षा के कारण पलायन को हैं मजबूर : पीड़ित परिवार ने घर के गेट पर पलायन, घर बिकाऊ है और मुख्यमंत्री हम असुरक्षा के कारण परिवार सहित पलायन करने को मजबूर हैं के पोस्टर लगा दिए हैं। जानकारी पर बजरंग दल के कार्यकर्ता पहुंच गए और इंटरनेट मीडिया पर इसे वायरल कर दिया। इसके बाद गुजैनी थाने के फोर्स के साथ एसीपी गोविंद नगर विकास पांडेय पहुंचे और आरोपितों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया।

बजरंग दल के कार्यकर्ता के घर घुसे मुख्य आरोपित अनीस अली के घर पुलिस ने दबिश दी थी, लेकिन वह फरार है। पुलिस ने गांव में पहुंचकर लोगों को सुरक्षा का विश्वास दिलाया है। सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मी तैनात कर दिए गए हैं। वो गश्त कर रह हैं। पलायन के पोस्टर उन लोगों ने खुद ही लगाए हैं। -विकास कुमार पांडेय, एसीपी गोविंद नग

Edited By: Abhishek Agnihotri