जागरण संवाददाता, कानपुर : पॉलीथिन की बिक्री, उत्पादन और उपयोग रोकने के लिए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। नगर निगम और और जिला प्रशासन की दस टीमें छापेमारी कर उत्पादन, भंडारण और बिक्री रोकेंगी। जांच टीमों ने छापेमारी शुरू कर दी है। अभियान सफल बनाने के लिए व्यापक तैयारियां की गई हैं। छात्र- छात्राओं को अभियान की सफलता की जिम्मेदारी दी गई है। बच्चे अपने माता- पिता को पॉलीथिन का उपयोग न करने के लिए प्रेरित करेंगे। रैली निकालकर लोगों को पॉलीथिन से होने वाले नुकसान के प्रति जागरूक करेंगे।

जिलाधिकारी विजय विश्वास पंत ने नगर निगम, मजिस्ट्रेट, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड से जुड़े अफसरों से 50 माइक्रॉन से कम की पॉलीथिन बेचने वालों के विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए कहा है। अभियान की सफलता के लिए स्कूलों को सबसे बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। स्कूल प्रबंधकों को निर्देश दिए हैं कि पॉलीथिन से होने वाले दुष्प्रभाव को दर्शाते हुए प्रभात फेरी निकालें। हर कक्षा में स्वच्छता दूत नामित करें। स्कूल में पर्यावरण दीवार बनाएं। निबंध प्रतियोगिता, स्लोगन राइटिंग प्रतियोगिता, वाद-विवाद प्रतियोगिता का आयोजन करें। बच्चों को इतना तैयार करें कि वे पॉलीथिन के विरुद्ध लोगों को जागरूक करें। अभिभावकों को पत्र लिखने के साथ ही होमवर्क कॉपी पर पॉलीथिन न प्रयोग करने की बात लिखी जाए। यह अभियान 30 जुलाई तक सभी स्कूलों में चलाया जाएगा। प्रतियोगिता में उत्तीर्ण होने वाले छात्रों को 15 अगस्त को सम्मानित किया जाएगा।

By Jagran