सांडी (हरदोई): किशोरी के अपहरण में फरार चल रहे युवक के पिता का रविवार की शाम गांव के बाहर संदिग्ध हालत में शव लटकता मिला। मृतक के पुत्र ने किशोरी के स्वजन पर आरोप लगाया। पुलिस नशे में घर से निकलने और फिर फांसी लगा लेने की बात कह रही है।

क्षेत्र के आदमपुर निवासी शेरबहादुर के पुत्र विपिन पर पड़ोसी गांव निवासी किशोरी के अपहरण का आरोप लगा था। मार्च से लापता किशोरी को पुलिस ने सांडी तिराहा से बरामद कर लिया था, लेकिन विपिन फरार था। वह भी पुलिस के हत्थे चढ़ गया था, लेकिन गुरुवार को वह थाने से फरार हो गया। रविवार दोपहर को शेरबहादुर घर से निकले और शाम को गांव के बाहर एक पेड़ से उनका शव लटकता मिला।

मृतक की पत्नी नथुन्नी के साथ ही पुत्र दीपू, भूरा भी पहुंचे। स्वजन का कहना है कि नथुन्नी नशे में घर से निकले और फंदे पर झूल गए, लेकिन दीपू ने किशोरी के घरवालों पर आरोप लगाया है। उसका कहना है कि उन लोगों ने उसके पिता की हत्या कर शव को लटकता दिया। थाना प्रभारी वीरेंद्र तोमर के साथ ही सीओ बिलग्राम विशाल यादव ने मौके पर पहुंचकर जानकारी ली। उन्होंने बताया कि मामला आत्म हत्या का है। शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है और पुलिस जांच कर रही है।

पीडब्ल्यूडी कर्मी समेत तीन के फंदे पर लटकते मिले शव

-हरदोई : शहर क्षेत्र में पीडब्ल्यूडी के वरिष्ठ सहायक का शव घर के अंदर कमरे में फंदे पर लटकता मिला। इनके अलावा बेहटागोकुल में विवाहिता और बिलग्राम में एक छात्रा ने फांसी लगाकर जान दे दी। विवाहिता के मायके पक्ष ने ससुरालीजनों पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है।

शहर के मुहल्ला ऊंचा थोक बावन चुंगी के जयप्रकाश श्रीवास्तव पीडब्ल्यूडी में वरिष्ठ सहायक थे। स्वजन ने बताया कि शनिवार रात खाना खाने के बाद जयप्रकाश कमरे में चले गए। देर रात उनका कमरा बंद था। उनका शव कमरे में फंदे पर लटक मिला।

बेहटागोकुल क्षेत्र के ग्राम आदर्शपुरवा के विवेक की दो वर्ष पूर्व सुरसा क्षेत्र के मन्नापुरवा की बिट्टू के साथ शादी हुई थी। पति ने बताया कि वह दूसरे प्रदेश में मजदूरी करता है। शनिवार को उसके पास मां मानवती का फोन आया कि बिट्टू ने घर के अंदर फांसी लगा ली है। मृतका के भाई रामकिशोर ने बताया कि शादी के बाद से ससुरालीजन बहन को प्रताड़ित किया करते थे और मारते पीटते थे, जिससे परेशान होकर बहन ने फांसी लगाकर जान दे दी।

बिलग्राम के नूरपुर हथौड़ा के मौसमपुर की साधना कक्षा आठ की छात्रा थी। पिता अरुण कुमार ने बताया कि साधना बीमार रहती थी। गरीबी के कारण उसका सही से इलाज नहीं करा पा रहे थे। शनिवार को साधना ने घर के अंदर फांसी लगाकर जान दे दी।

Edited By: Jagran