ब्रजघाट गंगा घाट पर आस्था के नाम पर मशीनों का तांडव, अवैध खनन के खिलाफ लोगों में रोष
तीर्थनगरी ब्रजघाट के गंगा घाट पर नगर पालिका द्वारा सफाई की आड़ में अवैध खनन का आरोप लगाते हुए स्थानीय लोगों और घाट संचालकों ने विरोध प्रदर्शन किया।

अवैध खनन के खिलाफ लोगों का प्रदर्शन ( फोटो स्रोत : जागरण )
HighLights
सफाई की आड़ में गंगा घाट पर अवैध खनन।
स्थानीय लोगों और घाट संचालकों ने किया विरोध प्रदर्शन।
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और दुकानदारों की रोजी-रोटी खतरे में।
ध्रुव शर्मा, ब्रजघाट। तीर्थनगरी ब्रजघाट के गंगा घाट पर आस्था के नाम पर मशीनों का तांडव देखने को मिल रहा है।
घाट संचालकों समेत स्थानीय लोगों ने नगर पालिका पर मिट्टी उठाने की आड़ में क्रेन और डंपरों से अवैध खनन करने का आरोप लगाते हुए पालिका के खिलाफ जमकर नारेबाजी कर विरोध प्रदर्शन किया।
खतरे में श्रद्धालुओं की जान
सभासद अरुण गौड और स्थानीय लोगों का आरोप है कि सफाई के नाम पर कराई जा रही इस खुदाई से न केवल गंगा के अस्तित्व को नुकसान पहुंच रहा है, बल्कि आगामी कार्तिक स्नान पर आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की जान भी जोखिम में पड़ गई है।
गहरे गड्ढों के कारण डूबने की घटनाओं की आशंका बढ़ गई है। इस अवैध खनन का सबसे ज्यादा असर घाट पर फूल-माला और प्रसाद बेचकर रोजी-रोटी कमाने वाले गरीब दुकानदारों पर पड़ा है।
भारी मशीनों की आवाजाही के कारण श्रद्धालु घाट तक नहीं पहुंच पा रहे हैं, जिससे उनकी बिक्री पूरी तरह ठप हो गई है और परिवार के भरण-पोषण का संकट खड़ा हो गया है।
कार्रवाई ना होने से लोगों में आक्रोश
विरोध कर रहे लोगों ने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि एनजीटी के आदेश के बाद भी मशीनों से खनन जारी है, जबकि घाट की सफाई का अधिकार सिंचाई विभाग का है, नगर पालिका का नहीं। प्रशासन से शिकायत के बावजूद कोई कार्रवाई न होने से लोगों में आक्रोश है।
पालिकाध्यक्ष राकेश बजरंगी का कहना है कि मशीन कौन चलवा रहा हैं, मेरे संज्ञान में नहीं है। अभी कोई खनन नहीं किया जा रहा है।
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