हमीरपुर DM को जेन अल्फा ने घेरा, बोले- मिड-डे मील में पानी जैसी मिलती है दाल और दूध में मिलाते हैं मट्ठा
हमीरपुर में स्कूली बच्चों ने जिलाधिकारी अशोक कुमार से मिड-डे मील में खराब गुणवत्ता वाले भोजन और शिक्षक द्वारा पिटाई ...और पढ़ें

पतारा गांव में डीएम अशोक कुमार को घेरकर स्कूल में मिलने वाले मिडडेमील की गुणवत्ता को लेकर शिकायत करते बच्चे। सौजन्य वीडियोग्रैब
HighLights
कुरारा ब्लाक के पतारा गांव में कंपोजिट विद्यालय का निरीक्षण करने पहुंचे थे डीएम अशोक कुमार
डीएम ने बीएसए को एमडीएम में सुधार लाने के दिए निर्देश, बोले बच्चों को मिले गुणवत्तायुक्त भोजन
जागरण संवाददाता, हमीरपुर। विकासखंड कुरारा के पतारा गांव में निर्माणाधीन कंपोजिट विद्यालय का निरीक्षण करने के बाद ग्रामीण सचिवालय जायजा लेने पहुंचे जिलाधिकारी अशोक कुमार को जेन अल्फा (स्कूली बच्चों) ने घेर लिया। मध्यान्ह भोजन में की जा रही लापरवाही को एक-एक करके गिनाना शुरू कर दिया।
बच्चों ने डीएम को बताया कि उन्हें बिना छाने गए आटा की रोटियां और पानी जैसी दाल दी जाती है। इतना ही नहीं बच्चों ने आरोप लगाया कि उन्हें जो दूध दिया जाता है उसमें भी मट्ठा मिलाते हैं। गणित विषय को बच्चे अगर शिक्षक से पढ़ाने को कहते हैं तो शिक्षक अनावश्यक उन्हें पीटते हैं।
स्कूली बच्चों की शिकायतें जिलाधिकारी करीब दस मिनट तक खड़े सहजता से सुनते रहे और उनके सिर पर हाथ फेरते हुए बीएसए मुकेश खरवार को निर्देशित किया कि बच्चों की शिकायतों का त्वरित निस्तारण हो और उन्हें गुणवत्तायुक्त एमडीएम दिया जाए।
नव-निर्मित भवन की स्थिति देखी
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कक्षा 6 से 8 के लिए नव-निर्मित भवन की स्थिति देखी। भवन का निर्माण पूर्ण होने तथा हैंडओवर प्राप्त होने के बावजूद वहां सफाई व्यवस्था संतोषजनक न मिलने तथा खिड़कियों के शीशे ढीले पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की।
बेसिक शिक्षा अधिकारी को तत्काल सफाई और मरम्मत के लिए कहा
उन्होंने बेसिक शिक्षा अधिकारी मुकेश खरवार को तत्काल भवन की सफाई कराने, खिड़कियों की मरम्मत कराने तथा आवश्यक फर्नीचर की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने 15 दिनों के भीतर नवनिर्मित भवन में कक्षाओं का संचालन प्रारंभ कराने के निर्देश दिए।
छात्र-छात्राओं से शैक्षणिक स्तर की जानकारी ली
विद्यालय की वर्तमान कक्षाओं के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी स्वयं कक्षाओं में पहुंचे और छात्र-छात्राओं से संवाद कर शैक्षणिक स्तर की जानकारी ली। उन्होंने बच्चों से 12 एवं 13 के पहाड़े सहित विभिन्न विषयों से संबंधित प्रश्न पूछे। सही उत्तर मिलने पर उन्होंने शिक्षकों द्वारा किए जा रहे पठन-पाठन के प्रयासों की सराहना की।
अच्छा भोजन दिलाने का आश्वासन दिया
इसके बाद जिलाधिकारी ने विद्यालय में संचालित मिड-डे मील व्यवस्था का निरीक्षण किया तथा बच्चों से भोजन की गुणवत्ता के संबंध में फीडबैक लिया। जिस पर बच्चों ने उन्हें एक-एक कर शिकायत बताना शुरू कर दी। बच्चों के बीच घिरे डीएम ने बच्चों को अच्छा भोजन दिलाने का आश्वासन दिया। भोजन निर्माण में केवल ब्रांडेड तेल, मसाले एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य सामग्री का प्रयोग किया जाए। इस मामले में बीएसए मुकेश खरवार ने विद्यालय के प्रधानाध्यापक विजेंद्र कुमार से स्पष्टीकरण मांगा है।
