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गोरखपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्मों पर भी नहीं चलना पड़ेगा पैदल, 498 करोड़ रुपये से हो रहा पुनर्विकास

Gorakhpur News 139 वर्ष बाद पहली बार 498 करोड़ में गोरखपुर जंक्शन का पुनर्विकास हो रहा है। पुनर्विकास के अंतर्गत गोरखपुर जंक्शन को 50 वर्षों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखकर सिटी सेंटर के रूप में विकसित किया जा रहा है। जंक्शन पर ही बजट होटल और रेस्तरां की सुविधा मिल जाएगी। यात्री मल्टीप्लेक्स में मूवी का आनंद उठा सकेंगे।

By Prem Naranyan Dwivedi Edited By: Vivek Shukla Thu, 11 Jul 2024 03:37 PM (IST)
गोरखपुर जंक्शन रेलवे स्‍टेशन, फाइल फोटो। जागरण

जागरण संवाददाता, गोरखपुर। गोरखपुर जंक्शन के फुट ओवरब्रिज (एफओबी) और रूफ प्लाजा ही नहीं अब प्लेटफार्मों पर भी यात्रियों को पैदल नहीं चलना पड़ेगा। महिला, बुजुर्ग और विशेषकर बच्चों, दिव्यांगजनों व मरीजों का 1333.33 मीटर लंबे प्लेटफार्म पर एक से दूसरे छोर तक आवागमन आसान हो जाएगा।

विश्व के दूसरे सबसे लंबे प्लेटफार्म पर सामान लेकर चलने में ही लोगों की सांसें फूल जाती हैं। यात्रियों की सुविधा के लिए गोरखपुर जंक्शन के प्लेटफार्मों पर एयरपोर्ट की तर्ज पर दो ट्रेवलेटर लगाए जाएंगे। जंक्शन के पुनर्विकास के अंतर्गत ट्रैवलेटर लगाने के प्रस्ताव पर मुहर लग गई है।

ट्रैवलेटर भी एस्केलेटर (स्वचालित सीढी) की तरह होता है। एस्केलेटर ऊपर चढ़ने के लिए उपयोग में लाया जाता है, जबकि ट्रैवलेटर समतल फर्श पर लगता है, जो यात्री को स्वचालित सीढी की तरह बिना पैदल चले गंतव्य तक पहुंचा देता है।

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मनमाफिक खरीदारी भी कर सकेंगे। निर्माण कार्य आरंभ हो गया है। शुरुआत में प्लेटफार्म नंबर एक पर बंद पड़े बीच वाले एफओबी के पास पश्चिम तरफ नया एफओबी बनेगा। रेलवे प्रशासन ने प्राथमिकता के आधार पर नया एफओबी बनाने का महत्वपूर्ण निर्णय लिया है।

प्लेटफार्म एक स्थित मुख्य गेट पर बीच वाला एफओबी 16 सितंबर 2023 से ही बंद हैं। तीन साल में गोरखपुर जंक्शन का कायाकल्प हो जाएगा। सात जुलाई, 2023 को प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पुनर्विकास की आधारशिला रखी थी।

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ऐसे तैयार होगा गोरखपुर जंक्शन

- 17900 वर्ग मीटर में होगा मुख्य स्टेशन भवन का निर्माण।

- 7400 वर्ग मीटर में होगा द्वितीय प्रवेश द्वार का निर्माण।

- 10,800 वर्ग मीटर में बनेगा रूफ प्लाजा।

- 300 वर्ग मीटर में टिकट खिड़कियां बनाई जाएंगी।

- 6,300 वर्ग मीटर में बनाया जाएगा वेटिंग एरिया।

- 3,500 व्यक्ति एक साथ बैठ कर कर सकेंगे प्रतीक्षा।

- 1, 80000 यात्री जंक्शन से रोज कर सकेंगे आवागमन।

पूर्वोत्तर रेलवे मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार सिंह ने कहा कि गोरखपुर रेलवे स्टेशन के पुनर्विकास के अन्तर्गत रेलवे स्टेशन पर विश्वस्तरीय सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। जिसमे दो ट्रैवलेटर भी सम्मिलित हैं। इसके लग जाने से वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं, दिव्यांगजनों समेत सभी यात्रियों को इसका लाभ मिलेगा।