राम नगीना साहनी से मारपीट मामले में संजय निषाद ने सपा को दी चेतावनी, बोले- अखिलेश यादव दर्ज कराएं FIR
निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संजय निषाद ने गोरखपुर प्रेस क्लब में सपा के पूर्व जिलाध्यक्ष राम नगीना साहनी के ...और पढ़ें

राम नगीना साहनी से मारपीट मामले में संजय निषाद ने सपा को दी चेतावनी।
HighLights
राम नगीना साहनी के साथ प्रेस क्लब में मारपीट हुई।
संजय निषाद ने अखिलेश यादव से कार्रवाई की मांग की।
निषाद पार्टी ने सपा कार्यालय घेराव की चेतावनी दी।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। समाजवादी पार्टी के पूर्व जिलाध्यक्ष राम नगीना साहनी के साथ शनिवार को प्रेस क्लब में हुई मारपीट की घटना पर निषाद पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं प्रदेश के कैबिनेट मंत्री संजय निषाद ने सपा नेतृत्व पर निशाना साधा।
उन्होंने आरोप लगाया कि सपा नेता अंशुमान सिंह के पुत्र कमलेश सिंह और उनके समर्थकों ने कुर्सी पर बैठने को लेकर विवाद के दौरान राम नगीना साहनी को थप्पड़ मारा और उनके साथ मारपीट की।
संजय निषाद ने कहा कि राम नगीना साहनी उस समय से समाजवादी पार्टी का झंडा और डंडा उठाते रहे हैं, जब गोरखपुर में पार्टी के लिए कार्यकर्ता जुटाना मुश्किल था। ऐसे पुराने कार्यकर्ता के साथ कुर्सी पर बैठने को लेकर मारपीट किया जाना अत्यंत निंदनीय है।
उन्होंने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव से मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की। कहा कि पार्टी नेतृत्व संबंधित लोगों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कराए और घटना की सार्वजनिक रूप से भर्त्सना करें।
संजय निषाद ने कहा कि वह रविवार तक पार्टी नेतृत्व की कार्रवाई का इंतजार करेंगे। कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार को समाजवादी पार्टी कार्यालय का घेराव करने की चेतावनी दी।
निषाद समाज को संबोधित करते हुए संजय निषाद ने कहा कि समाज के लोगों को इस घटना से सीख लेने की जरूरत है। उन्होंने हाल में निषाद समाज से जुड़े कुछ नेताओं की ओर से भाजपा के साथ निषाद पार्टी के गठबंधन को लेकर की गई टिप्पणियों पर भी पलटवार किया। कहा कि भाजपा के साथ रहने के दौरान निषाद समाज के किसी व्यक्ति के साथ इस तरह मारपीट की घटना सामने नहीं आई।
उन्होंने कहा कि राजनीतिक विचारधारा और दल अलग हो सकते हैं, लेकिन किसी कार्यकर्ता के साथ मारपीट को उचित नहीं ठहराया जा सकता।
प्रेस क्लब में हुआ था विवाद
शनिवार को गोरखपुर प्रेस क्लब में समाजवादी पार्टी की ओर से आयोजित 'लोकतंत्र बचाओ-वोट बचाओ' प्रेस वार्ता के दौरान बैठने की जगह को लेकर विवाद हुआ था। इसी दौरान राम नगीना साहनी के साथ मारपीट किए जाने का आरोप है। घटना का कुछ हिस्सा कैमरे में भी कैद हुआ है। मामले में पुलिस से शिकायत और आगे की कार्रवाई की स्थिति स्पष्ट नहीं हो सकी है।
