विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

गोरखपुर में चोरी के गहने खरीदने के शक में सर्राफ का थाने में उत्पीड़न, चौकी प्रभारी सस्पेंड

Published: Mon, 14 Sep 2026 01:49 PM (IST)

गोरखपुर में चोरी के गहने खरीदने के संदेह में एक सर्राफ को चौकी में प्रताड़ित करने और रुपये लेकर छोड़ने ...और पढ़ें

प्रतीकात्मक तस्वीर।

प्रतीकात्मक तस्वीर।

HighLights

  1. सर्राफ को चोरी के गहने खरीदने के संदेह में प्रताड़ित किया।

  2. चौकी प्रभारी अविनाश सिंह को एसएसपी ने निलंबित किया।

  3. मामले की जांच सीओ खजनी को सौंपी गई है।

जागरण संवाददाता, गोरखपुर। चोरी के गहने खरीदने के संदेह में सर्राफ को चौकी में बैठाकर प्रताड़ित करने और रुपये लेकर रात में छोड़ने के आरोप में एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने उनवल चौकी प्रभारी अविनाश सिंह को निलंबित कर दिया है।

आरोप है कि जांच में सर्राफ के खिलाफ कोई ठोस साक्ष्य नहीं मिलने के बाद भी उसे चौकी में बैठाए रखा गया। परिवार के लोगों ने इसकी जानकारी खजनी के भाजपा विधायक श्रीराम चौहान को दी।

विधायक के पीआरओ ने चौकी प्रभारी को फोन कर सर्राफ को प्रताड़ित नहीं करने के लिए कहा, लेकिन आरोप है कि इसके बाद भी उसे नहीं छोड़ा गया।

मामला महादेवा बाजार निवासी सर्राफ मुन्ना वर्मा से जुड़ा है। बताया गया कि उन्होंने किसी व्यक्ति से करीब दो ग्राम सोना खरीदा था। इसी बीच खजनी थाना पुलिस ने गहने चोरी करने वाली दो महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेजा। पुलिस को संदेह था कि चोरी के गहने सर्राफ ने खरीदे हैं।

इसी आधार पर मुन्ना वर्मा को पूछताछ के लिए उनवल चौकी लाया गया। आरोप है कि पूछताछ और जांच में सर्राफ के खिलाफ चोरी के गहने खरीदने का कोई साक्ष्य नहीं मिलने के बाद भी चौकी प्रभारी ने उसे वहां से जाने नहीं दिया। परिवार को इसकी जानकारी हुई तो उन्होंने विधायक श्रीराम चौहान से संपर्क किया।

इसके बाद विधायक के पीआरओ ने चौकी प्रभारी को फोन कर सर्राफ को अनावश्यक रूप से प्रताड़ित नहीं करने और मामले में नियमानुसार कार्रवाई करने को कहा। इसके बाद भी सर्राफ को रात 12 बजे तक पुलिस चौकी में बैठाकर प्रताड़ित किया गया।

रविवार को प्रभारी स्वतंत्र देव सिंह की बैठक में मामला उठने के बाद अधिकारियों ने इसे गंभीरता से लिया। इसके बाद एसएसपी डॉ. कौस्तुभ ने उनवल चौकी प्रभारी अविनाश सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। मामले की जांच सीओ खजनी को सौंपी गई है। एसपी दक्षिणी दिनेश कुमार पुरी ने बताया कि सर्राफ को चौकी में बैठाए जाने, पूछताछ की प्रक्रिया, उसके खिलाफ उपलब्ध साक्ष्यों और रुपये लेकर छोड़ने के आरोप की जांच कर रही है। जांच के बाद ही आरोपों की पूरी स्थिति स्पष्ट होगी।

यह भी पढ़ें- बदायूं में पीड़ित को थाने में बंद कर पीटा, प्रभारी समेत चौकी के पांच पुलिसकर्मी सस्पेंड