UP Weather Update: जाते-जाते जमकर भिगोएगा मानसून, गोरखपुर समेत पूरे पूर्वी यूपी में अलर्ट
बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के कारण 24 सितंबर से गोरखपुर समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश में तेज ...और पढ़ें

गोरखपुर में बदला मौसम। जागरण
HighLights
बंगाल की खाड़ी में निम्न दबाव क्षेत्र सक्रिय हुआ।
24 सितंबर से पूर्वी यूपी में तेज वर्षा की संभावना।
गोरखपुर में 439.5 मिमी वर्षा की कमी दर्ज।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। मानसून की विदाई का दौर शुरू हो चुका है, लेकिन जाते-जाते बादल जमकर भिगो सकते हैं। बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव क्षेत्र ओडिशा और बिहार होते हुए उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में बढ़ रहा है। इसके प्रभाव के कारण 24 सितंबर से गोरखपुर समेत पूर्वी उत्तर प्रदेश में तेज वर्षा होने की संभावना बढ़ी है। मौसम विज्ञानी ने बताया कि अगले दो से तीन दिनों तक मौसम का प्रभाव नजर आएगा। पूर्वी उत्तर प्रदेश से मानसून की विदाई की तिथि छह अक्टूबर निर्धारित है, जबकि देश में 15 अक्टूबर है।
मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार अब तक मानसून जिले में मेहरबान नहीं रहा है। जून से 22 सितंबर तक गोरखपुर में 704.5 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई है, जबकि इस अवधि में औसत वर्षा 1144 मिलीमीटर है। अभी तक सामान्य से 439.5 मिलीमीटर कम पानी बरसा है। आंकड़ों अनुसार जून में 126.9 मिलीमीटर, जुलाई में 355.7 मिलीमीटर, अगस्त में 108.2 मिलीमीटर और सितंबर में 22 तारीख तक 114.2 मिलीमीटर वर्षा हुई है। जुलाई सबसे अधिक वर्षा और अगस्त में बादलों की सक्रियता सबसे कमजोर रही है।
अगस्त में औसत 319.5 मिलीमीटर के मुकाबले केवल 108.2 मिलीमीटर पानी बरसा। सितंबर में भी अब तक 114.2 मिलीमीटर वर्षा हुई है, जबकि इस महीने की औसत वर्षा 253.4 मिलीमीटर है।
मौसम विज्ञानी टीबी सिंह ने बताया कि मानसून की वापसी का दौर शुरू हो चुका है। राजस्थान से मानसून लौटने लगा है, जिससे वर्षा की गतिविधियां सीमित हो रही हैं। हालांकि बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र के प्रभाव से मानसून विदाई से पहले कुछ वर्षा करा सकता है।
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उन्होंने बताया कि यह मौसम प्रणाली आगे बढ़ते हुए लखनऊ और कानपुर तक प्रभाव डाल सकती है। इसके चलते उत्तर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में पानी बरसने की संभावना बनी हुई है। विदाई के पहले मानसून गतिविधियां तेज हो सकती हैं। 
