गोरखपुर, सतीश कुमार पांडेय। कानून के डंडे से डरे पूर्वांचल के 35 बदमाशों ने प्रदेश नहीं बल्कि देश छोड़ दिया है। उनके इस कदम ने 1990 से 2005 के उस दौर की याद ताजा करा दी है जब पूर्वांचल के बदमाश नेपाल में ही शरण लिया करते थे। पिछले डेढ़ दशक में सरकारों की शह पर यहीं ठिकाना बनाने वाले बदमाशों ने यूपी पुलिस के हाफ एनकाउंटर के डर से नेपाल की राह पकड़ ली है।सिद्धार्थनगर जिले तीन हिस्ट्रीशीटरों को नेपाल पुलिस ने पिछले दिनों नेपाल पुलिस ने असलहे के साथ पकड़ा।तीनों वहीं पर रहकर सब्जी व फल बेच रहे थे।एडीजी ने जोन के सभी पुलिस कप्तान को नेपाल में शरण लेने वाले बदमाशों का सत्यापन कर रिपोर्ट देने को कहा है ताकि गृह मंत्रालय के जरिए वहां भी शिकंजा कसा जा सके।

35 बदमाशों ने बार्डर पार के सीमावर्ती जिलों में ली शरण

योगी सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल के पहले दिन से ही बदमाशों पर शिकंजा कसना शुरु कर दिया। 100 दिन के अभियान में पुलिस हत्या, लूट, वाहन चोरी, फिरौती, जैसे अपराध में संलिप्त अपराधियों की धरपकड़ में जुटी है। सत्यापन के दौरान पता चला कि गोरखपुर, महराजगंज, देवरिया, कुशीनगर, सिद्धार्थनगर, बस्ती, गोंडा, बलरामपुर, बहराइच व श्रावस्ती जिले के 35 बदमाशों ने पुलिस से बचने के लिए नेपाल में शरण ले रखा है।विदेश भागने वाले बदमाशों में 20 वाहन चोर, पांच लुटेरे, चोरी करने वाले छह व चार नकबजन शामिल हैं।

100 दिन में जब्त हुई 73.11 करोड़ की संपत्ति

शासन के निर्देश पर चले 100 दिन के अभियान में जाेन की पुलिस ने 415 बदमाशों पर गैंगस्टर की कार्रवाई करते हुए 322 को गिरफ्तार कर जेल भेजा।22 आरोपितों ने कोर्ट में समर्पण किया।गैंगस्टर एक्ट में वांछित 71 बदमाशों की तलाश चल रही है।पुलिस की रिपोर्ट पर जिला प्रशासन ने 64 आरोपितों की 73.11 करोड़ की संपत्ति जब्त की है।

चार इनामी के भी नेपाल में होने की सूचना

सुमेरचंद लोध तो नेपाल के रूपनदेही जिले के मेड़रहवा का निवासी भी है।उसके अलावा बहराइच जिले के नानपारा कोतवाली निवासी धनौली का शमीम, थाना दरगाज शरीफ का पृथ्वीराज व बिहार के सीतामढ़ी जिले के बाजपट्टी थाने के बगहा रसूलपुर निवासी राजू अंसारी उर्फ आफताब के नेपाल में होने की सूचना है।पुलिस इन बदमाशों की पकड़ने के लिए रेड कार्नर नोटिस भेजने की तैयारी कर रही है।

जोन के सभी पुलिस कप्तान को निर्देश दिए गए हैं कि फरार चल रहे बदमाशों का सत्यापन कर लें कि वह कहां है।सत्यापन के बाद यह संख्या बढ़ सकती है।नेपाल में छिपे बदमाशों को पकड़ने के लिए रेड कार्नर नोटिस जारी कराया जाएगा, जिससे वह पकड़े जाएंगे। स्थानीय पुलिस भी अपने स्तर से प्रयास कर रही है। - अखिल कुमार, एडीजी जोन।

Edited By: Pradeep Srivastava