गोरखपुर में सीएम योगी करेंगे गोड़धोइया नाला परियोजना का लोकार्पण, जलभराव से मिलेगी मुक्ति
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ 1 नवंबर को गोरखपुर में गोड़धोइया नाला परियोजना के पहले चरण का लोकार्पण करेंगे, जिससे 17 वार्डों में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान होगा।

HighLights
सीएम योगी 1 नवंबर को गोड़धोइया नाला परियोजना का लोकार्पण करेंगे।
17 वार्डों में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान मिलेगा।
495 करोड़ रुपये की लागत से हुआ नाला का निर्माण।
जागरण संवाददाता, गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ एक नवंबर को गोड़धोइया नाला परियोजना के प्रथम चरण का लोकार्पण करेंगे। परियोजना से महानगर के 17 वार्डों में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान हो गया है। मुख्यमंत्री परियोजना के दूसरे चरण में बिछिया से रामगढ़ताल तक डेढ़ किलोमीटर लंबाई और 15 मीटर चौड़ाई में नाला कार्य का शिलान्यास भी करेंगे। इस कार्य पर 93.72 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
गोड़धोइया नाला गोरखपुर के सबसे पुराने नालों में से एक है। यह कई दशकों तक उपेक्षा और गंदगी का पर्याय बना रहा। अतिक्रमण के कारण यह नाला एक तरह से विलुप्त होने के कगार पर पहुंच गया था। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसके जीर्णोद्धार के लिए पक्का नाला निर्माण, डायवर्जन, इंटरसेप्शन और ट्रीटमेंट की परियोजना बनवाई।
कार्यदायी संस्था जल निगम (शहरी) के अधिशासी अभियंता पकंज कुमार के अनुसार 495.24 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना में 7.75 किमी की लंबाई में पक्का नाला निर्माण, 1.50 किमी कच्चा नाला, 38 एमएलडी का एक सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट, 61 एमएलडी का एक मेन पंपिंग स्टेशन, 14 ब्रिज/कल्वर्ट का निर्माण कराया गया है। साथ ही 17.50 किमी इंटरसेप्टिंग सीवर लाइन भी बिछाई गई है।
इन वार्डों को लाभ
बाबा राघवदास नगर, चरगांवा, अशोक नगर, शिवपुर, तुलसीराम पश्चिमी, शहीद शिव सिंह छेत्री नगर, पंडित राम प्रसाद बिस्मिल नगर, हरसेवकपुर, विश्वकर्मापुरम बौलिया, शालिग्राम नगर, लोहियानगर, कृष्णानगर, शाहपुर, मैत्रीपुरम, शक्तिनगर, रामजानकी नगर तथा विष्णुपुरम।
रास्ता की समस्या का भी होगा समाधान
दूसरे चरण के तहत 93.72 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। नाला का जो 1.5 किमी हिस्सा कच्चा है, उसे पक्का (आरसीसी निर्माण) कराया जाएगा। इसके अतिरिक्त गोड़धोइया नाले के अंतिम छोर (बिछिया रेलवे कालोनी) पर 38 एमएलडी की एसटीपी हेतु एक मात्र सकरा रास्ता उपलब्ध है, जो रेलवे कालोनी के अंदर आवासीय कालोनियों से होकर जाता है।
भविष्य में रेलवे की तरफ से अपनी कालोनियों के लिए बाउंड्रीवाल बनाने की संभावना जताई जा रही। ऐसा हुआ तो एसटीपी के लिए एकमात्र रास्ता भी बंद हो सकता है। इसके चलते नाला के समानान्तर एसटीपी के लिए 1.5 किमी एप्रोच मार्ग का प्रावधान भी किया जा रहा है। 120 स्ट्रीट लाइट लगाने के साथ लैंड स्केपिंग का कार्य भी कराया जाएगा। दूसरे चरण के कार्यों के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
नाला के दोनों तरफ बनेगी पक्की सड़क
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देशानुसार गोड़धोइया नाला के दोनों तरफ पक्की सड़क का निर्माण भी होगा। इसकी जिम्मेदारी लोक निर्माण विभाग को दी गई है। सड़क निर्माण पर करीब 68 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
