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CM योगी जल्द देंगे बड़ी सौगात, दिव्यांगजन पेंशन में फिर बढ़ोतरी करेगी सरकार 

Published: Wed, 30 Sep 2026 07:11 PM (IST)

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर में घोषणा की कि दिव्यांगजन को मिलने वाली पेंशन की धनराशि में जल्द ही एक बार फिर बढ़ोतरी की जाएगी।

गोरखपुर क्लब में दिव्यांगजनों के लिए सहायक उपकरणों के वितरण कार्यक्रम में संबोधित करते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

गोरखपुर क्लब में दिव्यांगजनों के लिए सहायक उपकरणों के वितरण कार्यक्रम में संबोधित करते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

HighLights

  1. दिव्यांगजन पेंशन राशि में जल्द ही फिर होगी बढ़ोतरी।

  2. गोरखपुर में 509 लाभार्थियों को सहायक उपकरण वितरित किए गए।

  3. दिव्यांगजनों को आत्मनिर्भर बनाने पर सरकार का विशेष जोर।

जागरण संवाददाता, गोरखपुर। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि दिव्यांगजन को मिलने वाली पेंशन की धनराशि में बहुत जल्द एक बार फिर बढ़ोतरी की जाएगी। नई धनराशि कितनी होगी, इसकी घोषणा भी अतिशीघ्र की जाएगी। मुख्यमंत्री ने यह जानकारी बुधवार को गोरखपुर क्लब में आयोजित कृत्रिम अंग एवं सहायक उपकरण वितरण समारोह में दे रहे थे।

उन्होंने कहा कि पहले दिव्यांगजन को 300 रुपये प्रतिमाह पेंशन मिलती थी। सरकार ने इसे बढ़ाकर पहले 500 और फिर 1000 रुपये किया। अब इसे और बढ़ाने की तैयारी है। दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग और हिंदुस्तान उर्वरक एवं रसायन लिमिटेड के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने 509 लाभार्थियों को मोटराइज्ड ट्राइसाइकिल, ई-ट्राइसाइकिल, स्मार्टफोन, स्मार्टकेन, ब्रेल किट समेत 664 सहायक उपकरण वितरित किए।

सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य दिव्यांगजन को सहायता देने के साथ उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2026-27 में प्रदेश के प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में शिविर लगाकर पेंशन से छूटे दिव्यांगजन को योजनाओं से जोड़ा जाएगा।

सभी मंडलों में स्थापित होंगे जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र: योगी

उन्होंने बताया कि प्रदेश में 17 लाख से अधिक दिव्यांगजन की डिजिटल पहचान मजबूत कर उन्हें कार्ड उपलब्ध कराए गए हैं। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजन सशक्तीकरण की शुरुआत बचपन से होनी चाहिए। शुरुआती जांच, थेरेपी, अभिभावकों को मार्गदर्शन, विशेष शिक्षा और तकनीकी सहायता पर सरकार का जोर है।

तीन से सात वर्ष के श्रवणबाधित, दृष्टिबाधित और बौद्धिक दिव्यांगता वाले बच्चों के लिए बचपन डे केयर सेंटरों का विस्तार किया जा रहा है। काक्लियर इंप्लांट के लिए छह लाख रुपये तक के खर्च के साथ स्पीच थेरेपी में भी सरकार सहयोग कर रही है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के सभी 18 मंडलों में जिला दिव्यांग पुनर्वास केंद्र स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं।

गोरखपुर में सीतापुर आई हॉस्पिटल परिसर में यह केंद्र शुरू हो चुका है। उन्होंने गोरखपुर में स्पर्श राजकीय दृष्टिबाधित बालक एवं बालिका इंटर कॉलेज, संकेत राजकीय मूकबधिर विद्यालय, बीआरडी मेडिकल कॉलेज के मनोविकास केंद्र और राजकीय कौशल विकास केंद्र का भी उल्लेख किया। बताया कि नार्मल कैंपस में आश्रय एवं प्रशिक्षण केंद्र, छात्रावास और बचपन डे केयर सेंटर भी संचालित हैं।

दिव्यांगजन को रोजगार और स्वरोजगार से जोड़ने पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें मुख्यमंत्री युवा, पीएम स्वनिधि, एक जिला एक उत्पाद, पीएम विश्वकर्मा, पीएम मुद्रा और स्टैंडअप जैसी योजनाओं का लाभ दिलाया जाना चाहिए। सरकार का प्रयास है कि दिव्यांगजन सहायता पाने वाले लाभार्थी तक सीमित न रहें, बल्कि अपनी क्षमता के अनुसार आर्थिक रूप से स्वावलंबी बनें।

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