बस्ती (जेएनएन)। बस्ती शहर के कुआनो नदी के अमहट घाट पर शनिवार की शाम 6.15 बजे बड़ा हादसा होते-होते टल गया। अटल अस्थि कलश विसर्जन के दौरान नाव अनियंत्रित होकर पलट गई। इस पर सवार सांसद हरीश द्विवेदी, भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी, पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार, विधायक दयाराम चौधरी और रवि सोनकर सहित कई लोग नदी में गिर गए। अचानक हुई इस घटना से अफरा-तफरी मच गई। पुलिस जवान बिना देरी किए नदी में कूद पड़े और डूब रहे लोगों को बचाने में लग गए। चंद मिनटों के भीतर ही नदी से एसपी सहित सभी लोगों को सुरक्षित निकाल लिया गया।


अटल जी की स्मृति में सर्वदलीय सभा के बाद अस्थि कलश को विसर्जन के लिए भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रमापति राम त्रिपाठी अमहट घाट पर नदी की ओर बढ़े। साथ में बस्ती के सांसद और विधायकों के अलावा डीएम, एसपी भी मौजूद रहे। पीछे प्रदेश सरकार के मंत्री सुरेश पासी, भाजपा के क्षेत्रीय उपाध्यक्ष अजय सिंह गौतम, जिलाध्यक्ष पवन कसौधन समेत कारवां चल पड़ा। 

जिलाधिकारी डा.राजशेखर ने बताया अस्थि कलश विसर्जन के लिए दो नावों की व्यवस्था हुई थी। दोनों पर 15-20 लोगों को सवार होना था। सुरक्षा की दृष्टि से नावों को घाट के किनारे रस्सी से बांधा गया था। एक नाव पर लोग सवार होते और रस्सी खोली जाती इससे पहले क्षमता से अधिक लोगों के सवार होने से नाव अनियंत्रित होकर पलट गई। इससे किनारे की तरफ खड़े 7-8 लोग नदी में गिर गए।

हादसा देख हर कोई हतप्रभ रह गया। तमाम लोग नदी के किनारे से भाग कर बाहर ऊंची और समतल जगह पर पहुंच गए। गनीमत यह रही कि जिधर नाव उलटी उधर ही घाट की दीवार और सीढिय़ां थीं। कई लोग नदी में गिरे तो सीढिय़ों के सहारे लटक गए। पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार, सीओ सिटी आलोक सिंह, विधायक हर्रैया अजय सिंह, विधायक महादेवा रवि सोनकर, विधायक दयाराम चौधरी, भाजपा नेता पुष्कर मिश्र नदी में गिरने के बाद डूबने लगे।
एसपी को नदी में गिरता देख पास खड़े सीओ सदर आलोक सिंह कूद पड़े। नाव पर सवार दरोगा जय प्रकाश दूबे ने तेजी से एसपी का हाथ पकड़ लिया। एसपी बाहर निकाले गए तो पानी के बहाव में सीओ डूबने लगे। सीओ को डूबने से स्वाट टीम के प्रभारी विक्रम सिंह ने बचा लिया। पुलिस जवानों और अधिकारियों की मदद से अन्य माननीयों को बाहर निकाला गया। नदी से निकाले गए लोग बाहर निकले तो डर से कांप रहे थे और खुद को सुरक्षित पा ईश्वर को धन्यवाद दे रहे थे।
अति उत्साही लोगों के कारण पलटी नाव
अस्थि विसर्जन के लिए जिस नाव में सवार होकर नदी की बीच धारा में पहुंचना था, उसमें जिला प्रशासन ने आठ लोगों के सवार होने की ही अनुमति दी थी। बावजूद इसके उत्साह में बड़ी संख्या में लोग नाव मेंं सवार हो गए, जिससे नाव का संतुलन बिगड़ गया और वह पलट गई।
रमापति राम त्रिपाठी, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, भाजपा
यह हादसा महज एक संयोग है। भगवान का लाख शुक्रिया, सभी लोग सुरक्षित बचा लिए गए। नाव पर दस लोगों को ही सवार होना था, लेकिन 20-25 लोग सवार हो गए जिससे नाव अनियंत्रित होकर पलट गई ।
हरीश द्विवेदी, सांसद
एसपी को डूबने से बचाने के लिए सीओ सिटी आलोक सिंह ने जिस अदम्य साहस का परिचय दिया है वह काबिले तारीफ है। नदी में गिरे माननीयों को बचाने में पुलिस और आपदा कर्मियों ने जिस दिलेरी का परिचय दिया वह भी प्रसंशनीय है।
डा.राजशेखर, जिलाधिकारी, बस्ती
मुझे अपने से ज्यादा औरों की चिंता थी। नदी से बाहर निकलने के बाद मैंने व जिलाधिकारी महोदय ने सभी माननीयों की खोज-खबर ली। सबको सुरक्षित देखने और हादसा स्थल पर काफी देर तक पुलिस जवानों से तलाश कराने के बाद मैं मौके से हटा।
दिलीप कुमार ,पुलिस अधीक्षक, बस्ती

Posted By: Ashish Mishra