गोंडा : कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालयों में गड़बड़ी थमने का नाम नहीं ले रही है। यहां छात्राओं का ठहराव कम हो गया है। वहीं, भवन की रंगाई-पुताई भी सही ढंग से नहीं कराई जा रही है। सोमवार को बीएसए के निरीक्षण में पोल खुली। वार्डेन व एकाउंटेंट के वेतन भुगतान पर रोक लगाते हुए स्पष्टीकरण तलब किया गया है।

बीएसए मनिराम ¨सह ने बताया कि कस्तूरबा विद्यालय पंडरीकृपाल का निरीक्षण किया। यहां 100 के सापेक्ष 45 छात्राएं ही मौजूद मिलीं। सफाई व्यवस्था ठीक नहीं थी। इसके अलावा पुताई कराने में गड़बड़ी की जा रही है। यही हाल वजीरगंज के विद्यालय में भी देखने को मिला। यहां 72 छात्राएं थीं। उन्होंने बताया कि धनराशि का सही इस्तेमाल करने के बजाए खानापूर्ति की जा रही है। बीएसए ने बताया कि मानदेय भुगतान पर रोक लगा दी गई है। स्पष्टीकरण तलब किया जा रहा है।

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