गाजीपुर में तेज बारिश और छुट्टी के बीच कागजों पर कराया काम, 74000 से ज्यादा मजदूरों की दर्ज हुई हाजिरी
गाजीपुर में विकसित भारत-रोजगार और आजीविका मिशन (वीबी-जी रामजी) योजना में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। आंधी-बारिश के रेड अलर्ट ...और पढ़ें

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HighLights
रेड अलर्ट के बावजूद हजारों श्रमिकों की हाजिरी दर्ज।
गांधी जयंती पर भी योजना के तहत काम दिखाया गया।
करोड़ों रुपये की मजदूरी पर उठे गंभीर सवाल।
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। विकसित भारत–रोजगार और आजीविका मिशन (ग्रामीण) यानी वीबी-जी रामजी योजना में गड़बड़ी का बड़ा मामला सामने आया है। मौसम विभाग ने 25 से 27 सितंबर तक गाजीपुर में आंधी-बारिश की चेतावनी देते हुए लोगों को घरों से न निकलने की सलाह दी थी। जनपद को रेड अलर्ट पर रखा गया था।
इस अवधि में वीबी-जी रामजी योजना के पोर्टल पर हजारों श्रमिकों की कार्यस्थलों पर उपस्थिति दर्ज होती रही। सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इन तीन दिनों में कुल 74,645 श्रमिकों की हाजिरी लगाई गई। इस हिसाब से करीब 2.23 करोड़ रुपये मजदूरी का खर्च बनता है। गांधी जयंती पर भी योजना के तहत काम दर्ज किया गया।
इस संबंध में उपायुक्त, श्रम-रोजगार विजय कुमार यादव का कहना है कि तीन दिन का डाटा दिखवाने के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा।ग्रामीण विकास मंत्रालय के एनएमएमएस पोर्टल पर दर्ज आंकड़ों के अनुसार, 25 सितंबर को 454 कार्यों पर 18,070 श्रमिकों की उपस्थिति दिखाई गई।
कितनी हाजिरी कराई दर्ज?
26 सितंबर को 532 कार्यों के सापेक्ष 2,480 मस्टर रोल के जरिये 21,773 श्रमिकों और 27 सितंबर को 557 कार्यों पर 2,540 मस्टर रोल के माध्यम से 22,196 श्रमिकों की हाजिरी दर्ज की गई। योजना के तहत 40 प्रतिशत काम पक्का निर्माण से जुड़ा है, जबकि 60 प्रतिशत में मिट्टी की खोदाई, चकमार्ग निर्माण, तालाब सुंदरीकरण और मेड़बंदी जैसे कार्य शामिल हैं।
तेज बारिश और जलभराव के दौरान इतने बड़े पैमाने पर काम होने और हाजिरी दर्ज किए जाने पर सवाल उठ रहे हैं। क्या कार्यस्थलों पर वास्तव में काम हुआ या पुरानी तस्वीरें अपलोड कर अथवा घर बैठे डिजिटल हाजिरी दर्ज की गई, इसकी जांच जरूरी है।
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देवली, सैदपुर, कासिमाबाद और मनिहारी जैसे ब्लाकों में एक दिन में दो हजार से चार हजार से अधिक मानव दिवस सृजित किए जाने का आंकड़ा भी दर्ज है। दो अक्टूबर को 322 कार्यों पर 1,428 मस्टर रोल जारी किए गए और 12,606 श्रमिकों के काम करने की उपस्थिति दर्ज की गई। इस तरह खराब मौसम के दौरान दर्ज हाजिरी के साथ गांधी जयंती पर काम दिखाए जाने का मामला भी जांच के दायरे में है।
