जनप्रतिनिधियों से नहीं मिली मदद तो गाजीपुर में ग्रामीणों ने खुद संभाला मोर्चा, बना डाली 6 KM लंबी सड़क
जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की अनदेखी से परेशान होकर गाजीपुर के टोडरपुर के ग्रामीणों ने खुद ही सड़क सुधारने का बीड़ा उठाया।
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टोडरपुर के दक्षिण टोडरपुर से पलिया वीरपुर संपर्क मार्ग के मध्य मयंकधर राय के निजी नलकूप के पास श्रमदान करते ग्रामीण
HighLights
ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों-अधिकारियों की उदासीनता से परेशान होकर खुद सड़क सुधारी।
आपसी सहयोग और श्रमदान से 6 किमी लंबा कीचड़ भरा मार्ग ठीक किया।
ईंट भट्ठे से राबिस-ईंट के टुकड़े खरीदकर रास्ते पर डलवाए गए।
जागरण संवाददाता, गाजीपुर। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की उदासीनता से परेशान टोडरपुर के ग्रामीणों ने आखिरकार खुद ही सड़क सुधारने की पहल की। आपसी सहयोग और श्रमदान से ट्रैक्टर-ट्रॉली व बैकहो लोडर की मदद से कीचड़ और जलभराव वाले मार्ग को आवागमन लायक बनाया। मनिया निवासी दरोगा राय के विशेष सहयोग से ग्रामीणों ने ईंट भट्ठे से राबिस और ईंट के टुकड़े खरीदकर रास्ते पर डलवाए।
वीरपुर-पलिया संपर्क मार्ग से मयंकधर राय के निजी नलकूप, टोडरपुर होते हुए मिर्जाबाद के पास राष्ट्रीय राजमार्ग-31 तक करीब छह किलोमीटर लंबा मार्ग है। इसके दोनों ओर दो से तीन किलोमीटर तक सड़क का निर्माण कराया गया है, जबकि कुछ हिस्से अब भी कच्चे हैं।
कई स्थानों पर बनी सीसी सड़क और खड़ंजा भी क्षतिग्रस्त हो चुके हैं। ऐसे में बारिश के बाद कीचड़ और जलभराव से आवागमन मुश्किल हो गया था।
इस मार्ग से स्वामी आत्मानंद इंटर कॉलेज टोडरपुर में वीरपुर, बंशी, बटवरिया और पलिया बुजुर्ग के छात्र-छात्राएं पढ़ने जाते हैं। खराब रास्ते के कारण उन्हें विद्यालय पहुंचने में काफी परेशानी होती थी।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों से समस्या दूर करने की मांग की, लेकिन कोई पहल नहीं हुई। आखिरकार ग्रामीणों ने खुद ही रास्ता दुरुस्त करने का निर्णय लिया।
इस दौरान विक्रमा सिंह यादव, गोपाल जी यादव, दीपक यादव, विवेक कुमार यादव, गोरख यादव, धर्मराज यादव, रमेश यादव और लक्ष्मण यादव सहित अन्य ग्रामीण मौजूद रहे।
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