यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Oct 29, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।
Ghazipur: फर्जीवाड़ा कर शिक्षक बनीं पूर्व नगर पंचायत अध्यक्ष गिरफ्तार, माफिया मुख्तार अंसारी से है खास कनेक्शन
Ghazipur News दस्तावेज में फर्जीवाड़ा कर मदरसे में शिक्षक बनीं बहादुरगंज नगर पंचायत की पूर्व अध्यक्ष निकहत परवीन को पुलिस ...और पढ़ें

जागरण संवाददाता, गाजीपुर। दस्तावेज में फर्जीवाड़ा कर मदरसे में शिक्षक बनीं बहादुरगंज नगर पंचायत की पूर्व अध्यक्ष निकहत परवीन को पुलिस ने शनिवार सुबह उनके घर से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। पूर्व में मदरसा प्रबंधक रहे नजीर अहमद के यहां भी पुलिस ने दबिश दी, लेकिन वह फरार हो गया।
अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी की ओर से दर्ज एफआइआर पर पुलिस ने यह कार्रवाई की। भाजपा नेता फैजान खान ने 22 नवंबर, 2022 को शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया था कि नगर पंचायत अध्यक्ष निकहत परवीन फर्जी दस्तावेजों के आधार पर मदरसा मदरसतुल मसाकीन में 17 मार्च, 2006 से सहायक अध्यापक (तहतानिया) के पद पर नियुक्त हैं।
55 प्रतिशत अंक होने हैं अनिवार्य
निकहत ने बिहार विद्यालय परीक्षा समिति पटना से 1990 में हाईस्कूल तथा उप्र माध्यमिक शिक्षा परिषद प्रयागराज से 2005 में इंटरमीडिएट की परीक्षा पास की। इंटरमीडिएट में उनका प्राप्तांक 52 प्रतिशत है, जबकि सहायक अध्यापक (तहतानिया) की नियुक्ति में 55 प्रतिशत अंक होना अनिवार्य है।
आरोप है कि मुख्तार अंसारी के खास रेयाज अहमद अंसारी ने अपने रसूख के दम पर फर्जी तरीके से पत्नी को नौकरी दिलाई। जांच में शिकायत सही मिलने पर उप्र मदरसा शिक्षा परिषद के रजिस्ट्रार ने निकहत परवीन का वेतन रोककर कानूनी कार्रवाई करने की संस्तुति दी।
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एसपी ओमवीर सिंह का कहना है कि जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी की ओर से दर्ज एफआइआर पर कार्रवाई करते हुए निकहत परवीन को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया है। इनका पति व बहादुरगंज का चेयरमैन रेयाज माफिया मुख्तार अंसारी का करीबी है। इसकी भी जांच की जा रही है।
