गाजीपुर में फ्लाईओवर निर्माण के लिए 132KV हाईटेंशन लाइन की शिफ्टिंग शुरू, आधा दर्जन गांवों में पांच घंटे पावर कट
गाजीपुर में राष्ट्रीय राजमार्ग पर बन रहे व्हीकल फ्लाईओवर के निर्माण में बाधा बन रही 132 केवी हाईटेंशन लाइन को शिफ्ट किया जा रहा है।

इस फोटो को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।
HighLights
गाजीपुर में फ्लाईओवर के लिए हाईटेंशन लाइन शिफ्टिंग।
पांच करोड़ की लागत से हो रहा यह महत्वपूर्ण कार्य।
एक सप्ताह तक गांवों में पांच घंटे बिजली कटौती।
जागरण संवाददाता, रेवतीपुर (गाजीपुर)। मेदनीपुर के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर बन रहे व्हीकल फ्लाईओवर के निर्माण में आ रही बड़ी बाधा दूर करने की कवायद शुरू हो गई है। एप्रोच निर्माण के रास्ते में बाधक बनी 132 केवी की हाईटेंशन ट्रांसमिशन लाइन को शिफ्ट किया जा रहा है।
करीब पांच करोड़ रुपये की लागत से होने वाले इस कार्य के पूरा होने के बाद फ्लाईओवर निर्माण को गति मिलने की उम्मीद है। हालांकि, शिफ्टिंग के चलते ताड़ीघाट विद्युत फीडर से जुड़े गांवों के उपभोक्ताओं को अगले एक सप्ताह तक रोजाना करीब पांच घंटे बिजली कटौती झेलनी पड़ेगी।
राष्ट्रीय राजमार्ग पर बन रहे इस फ्लाईओवर के एप्रोच निर्माण के लिए हाईवे के ऊपर से गुजर रही ट्रांसमिशन लाइन को हटाना जरूरी है। इसके लिए बिजली के विशाल टावरों को दूसरी जगह स्थापित करने के साथ ओवरहेड तारों की शिफ्टिंग की जा रही है। लाइन के टावर करीब 100 फीट ऊंचे हैं।
भारी-भरकम टावरों की स्थापना और हाईवोल्टेज तारों को खींचने का काम तकनीकी रूप से जटिल और जोखिम भरा है। इसे देखते हुए सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम किए जा रहे हैं और कार्य के दौरान विद्युत आपूर्ति बंद रखनी पड़ रही है।
शिफ्टिंग कार्य के कारण मेदनीपुर, ताड़ीघाट समेत ताड़ीघाट फीडर से जुड़े करीब आधा दर्जन गांवों में बिजली आपूर्ति प्रभावित रहेगी। विभाग के अनुसार, अगले एक सप्ताह तक प्रतिदिन सुबह से दोपहर के बीच करीब पांच घंटे शटडाउन लिया जाएगा।
विद्युत विभाग के अवर अभियंता आशीष कुमार ने बताया कि मेदनीपुर के पास ट्रांसमिशन लाइन की शिफ्टिंग में लगभग एक सप्ताह लगने की संभावना है। सुरक्षा की दृष्टि से काम के दौरान बिजली आपूर्ति बंद रखना आवश्यक है।
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