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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Sep 22, 2016 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

पशु अस्पताल न होने पशुपालक परेशान

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Published: Thu, 22 Sep 2016 08:53 PM (IST)

लौवाडीह (गाजीपुर) : करइल में एक भी पशु चिकित्सालय नहीं है। इससे पशुपालकों को काफी परेशानी होती ह

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लौवाडीह (गाजीपुर) : करइल में एक भी पशु चिकित्सालय नहीं है। इससे पशुपालकों को काफी परेशानी होती है। पशुओं का इलाज निजी चिकित्सकों से कराने को मजबूर है। केवल ब्लाक मुख्यालय पर एक पशु चिकित्सालय है, जो करइल क्षेत्र के गांव लौवाडीह, मलिकपुरा, मुर्की, चांदपुर, बेलेसड़ी, रेवसड़ा, रेड़मार, गोंड़ी, खैराबारी, अमरुपुर, तरका, खरडीहा, देवरिया, सवितापुर सहित अन्य गांवों से काफी दूरी पर है। ज्यादा दूरी के कारण पशुपालक इलाज हेतु पशु चिकित्सालय की सेवा नहीं ले पाते है। साथ ही योजनाओं का लाभ भी नहीं मिलता है। इस क्षेत्र में एक मात्र पशु सेवा केंद्र गोड़उर में है जो दुर्दशा का शिकार है। उसका भवन जर्जर हो गया है। दूसरा पशु सेवा केंद्र खरडीहा में चलता था जो बहुत दिनों से बंद है। पशुपालक डब्लू राय, उदयशंकर राय, शिवबचन मिश्र, बलिराम वर्मा, विनोद यादव, रमेश पाल आदि ने बताया की इस क्षेत्र में एक पशु चिकित्सालय की स्थापना हो जाए तो पशुपालकों को काफी सहूलियत हो जाएगी।