गाजियाबाद, जागरण संवाददाता। नगर निगम कार्यालय में शुक्रवार को बैठक कर 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत कराए जाने वालों कार्याें के बारे में चर्चा की गई। महापौर आशा शर्मा ने 15वें वित्त आयोग से 135 करोड़ रुपये और 14वें वित्त आयोग के शेष 32.66 करोड़ रुपये से विकास कार्य कराने को हरी झंडी दी है। इसके तहत शहर में जलनिकासी की बेहतर व्यवस्था की जाएगी और सरकारी स्कूलों का जीर्णोद्धार करवाया जाएगा। पेयजल आपूर्ति और साफ सफाई की व्यवस्था को बेहतर बनाने की तैयारी है, जिससे की लोगों की परेशानी कम हो सके।

स्वास्थ्य विभाग

शहर में सौ वार्ड हैं, जिनमें कई गलियां ऐसी हैं। जहां पर वाहन नहीं जा सकते हैं। ऐसे में उन घरों से कूड़ा नहीं उठाया जाता है। इस समस्या को दूर करने के लिए 250 ट्राइसाइकिल खरीदने का निर्णय लिया गया है। इसके साथ ही 50 फागिंग मशीन खरीदी जाएगी।

निर्माण विभाग

शहर में जलनिकासी की व्यवस्था बेहतर करने के लिए जलभराव वाले स्थानों पर नालों का निर्माण कार्य कराया जाएगा और पुराने नालों का जीर्णोद्धार कराया जाएगा। इसके लिए 35 करोड़ रुपये का बजट बनाया गया है। वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए मुख्य मार्गाें को धूल से मुक्त किया जाएगा। डिवाइडर, फुटपाथ का विकास कार्य और मुख्य मार्गों का जीर्णोद्धार कराने की योजना बनाई गई है, जिस पर 50 करोड़ रुपये खर्च होंगे।

जलकल विभाग

पेयजल आपूर्ति में सुधार और सीवरेज की व्यवस्था ठीक करने के लिए 35 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। जिससे की लोगों को पानी की समस्या का सामना न करना पड़े। वहीं प्रकाश व्यवस्था को ठीक करने के लिए पांच करोड़ रुपये का बजट तैयार किया गया है। नगर निगम मुख्यालय और जोनल कार्यालयों के सुदृढ़ीकरण पर तीन करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

महापौर आशा शर्मा ने बताया कि 15वें वित्त आयोग से अलग 2019 में 14वें वित्त आयोग की बैठक के उपरांत टेंडर कम कीमत के आने के कारण बची हुई 32.66 करोड़ रुपये की धनराशि से 81 सरकारी स्कूलों का जीर्णोद्धार करवाया जाएगा। नगर निगम के सात स्कूलों के सुदृढीकरण पर सात करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। विकास कार्याें को जल्द ही शुरू करवाया जाएगा।

बैठक में जिलाधिकारी राकेश कुमार सिंह, नगर आयुक्त महेंद्र सिंह तंवर, मुख्य अभियंता मोइनुद्दीन, उद्यान प्रभारी डॉ. अनुज कुमार और नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथिलेश कुमार मौजूद रहे।

Edited By: Mangal Yadav