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यह एक आर्काइव लेख है, जिसे Aug 15, 2023 को प्रकाशित किया गया था। इसमें दी गई जानकारी वर्तमान समय के लिहाज से पुरानी हो सकती है।

Ghaziabad Dengue Cases: गाजियाबाद में 24 घंटे में मिले डेंगू के 10 केस, संख्या पहुंची सौ के पार

By Madan PanchalEdited By: Abhishek Tiwari
Published: Tue, 15 Aug 2023 10:33 AM (IST)

विभाग ने नगर निगम और जीडीए को पत्र भेजकर इंदिरापुरम क्षेत्र में विशेष फागिंग करने के निर्देश दिए हैं। जिला ...और पढ़ें

Ghaziabad Dengue Cases: गाजियाबाद में 24 घंटे में मिले डेंगू के 10 केस
Ghaziabad Dengue Cases: गाजियाबाद में 24 घंटे में मिले डेंगू के 10 केस

HighLights

  1. इंदिरापुरम में मिले डेंगू के आठ नए केस

जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। डेंगू अब तेजी से फैल रहा है। सोमवार को 55 लोगों की जांच कराने पर डेंगू के 10 नए केस मिले हैं। इनमें से आठ केस इंदिरापुरम के शामिल हैं।

स्वास्थ्य विभाग ने इंदिरापुरम को डेंगू का हाट स्पाट मानते हुए 10 टीमों को सर्वे, जांच और कीटनाशक दवाओं के छिड़काव के लिए लगाया गया है।

विभाग ने नगर निगम और जीडीए को पत्र भेजकर इंदिरापुरम क्षेत्र में विशेष फागिंग करने के निर्देश दिए हैं। जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. आरके गुप्ता ने बताया कि अगस्त में अब तक डेंगू के कुल 108 केस मिल चुके हैं।

मलेरिया के 13 और स्क्रब टायफस के भी 13 केस मिल चुके हैं। एक युवक की डेंगू और दूसरे युवक की टायफायड से मौत हो चुकी है।

मरीजों की लगी कतार, चिकित्सकों का इंतजार

जिला अस्पतालों के साथ ही सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और प्राथमिक स्वास्थ्य केद्रों पर मरीज बेहाल है और चिकित्सक गायब रहते हैं। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ ही उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक लगातार आदेश जारी कर रहे हैं कि सुबह आठ बजे प्रत्येक चिकित्सक को अनिवार्य रूप से ओपीडी में पहुंचकर मरीजों को देखना होगा लेकिन गाजियाबाद में इसका खुला उल्लंघन किया जा रहा है।

सोमवार को जिला एमएमजी अस्पताल और महिला अस्पताल की ओपीडी की पड़ताल में पता चला कि मरीज सुबह छह बजे से कतार में लगे हुए हैं, लेकिन चिकित्सक ओपीडी कक्ष से नदारद है। इतना ही नहीं जिला महिला अस्पताल और जिला एमएमजी अस्पताल के सीएमएस तक अपने कार्यालय से गायब मिले।

यह स्थिति तब है जबकि दोनों अस्पतालों की ओपीडी में रोज तीन हजार से अधिक मरीज पहुंचे और चिकित्सकों का इंतजार करते रहे। जिला महिला अस्पताल की सीएमएस डा. सुमाता तालिब का कहना है कि वह अवकाश पर हैं। ओपीडी से गायब चिकित्सकों की जांच के बाद संबंधित का स्पष्टीकरण मांगा जाएगा।