विज्ञापन हटाएंसिर्फ खबर पढ़ें

AQI Update: लोनी की हवा हुई बेहद जहरीली, जानिए दिल्ली NCR के बाकी इलाकों का क्या है हाल?

Published: Fri, 09 Oct 2026 11:39 AM (IST)

गाजियाबाद के लोनी में हवा की गुणवत्ता फिर खराब हो गई है, जिसका एक्यूआइ 166 दर्ज किया गया है। अवैध ...और पढ़ें

सांकेतिक तस्वीर (AI-Generated Image)

सांकेतिक तस्वीर (AI-Generated Image)

HighLights

  1. लोनी का एक्यूआइ 166 दर्ज, हवा फिर हुई खराब

  2. अवैध फैक्ट्रियां प्रदूषण का सबसे बड़ा कारण हैं

  3. कार्रवाई के बावजूद फैक्ट्रियां फिर से खुल जाती हैं

जासं, साहिबाबाद। गाजियाबाद जिले के लोनी इलाके में प्रदूषण की समस्या एक बार फिर गंभीर होती दिख रही है। बृहस्पतिवार को केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) के जारी आंकड़ों के अनुसार, लोनी का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 166 दर्ज किया गया, जो हवा के 'खराब' श्रेणी में जाने का संकेत है।

हालांकि, आंकड़े बताते हैं कि लोनी के वेद विहार में AQI का स्तर 259 तक पहुंच गया, जिससे स्थानीय निवासियों में स्वास्थ्य को लेकर चिंता बढ़ गई है।

वायु प्रदूषण का मुख्य कारण

अवैध फैक्ट्रियां लोनी और आसपास के इलाकों में प्रदूषण का सबसे प्रमुख कारण अवैध रूप से चल रही हजारों फैक्ट्रियां हैं। इन इकाइयों में प्लास्टिक, रसायन और अन्य हानिकारक सामग्रियों का इस्तेमाल होता है, जिससे उठने वाला जहरीला धुआं सीधे हवा में घुल रहा है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, इन फैक्ट्रियों पर गाहे-बगाहे प्रशासनिक कार्रवाई तो होती है, लेकिन कुछ ही दिनों में ये दोबारा चालू हो जाती हैं।

जिला प्रशासन से कई बार की गई शिकायत 

लोगों ने उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (UPPCB) और जिला प्रशासन से कई बार शिकायत की है, लेकिन स्थाई समाधान नहीं निकल सका है।

UPPCB के क्षेत्रीय अधिकारी अंकित सिंह का कहना है कि प्रशासन लोनी में चल रही अवैध फैक्ट्रियों को बंद कराने और उन पर जुर्माना लगाने के लिए लगातार अभियान चला रहा है। गाजियाबाद के विभिन्न केंद्रों का AQI स्तरजिले के अलग-अलग इलाकों में हवा की स्थिति में काफी अंतर देखा गया है:

क्षेत्र एक्यूआइ

गोविंदपुरम 59
इंदिरापुरम 148
लोनी 259
संजय नगर 140
वसुंधरा 195
वेद विहार 196
वेव सिटी 162

यह भी पढ़ें- हरियाणा में मंडराया सांसों पर सकंट... पराली नहीं, चिमनियों का धुआं और सड़कों की धूल बनी विलेन; AQI 109 पार