गाजियाबाद में अब ड्रोन से होगा पानी का छिड़काव, प्रदूषण नियंत्रण के लिए नगर निगम की नई पहल
गाजियाबाद नगर निगम सड़कों पर धूल प्रदूषण नियंत्रित करने के लिए ड्रोन से पानी के छिड़काव की तैयारी कर रहा ...और पढ़ें
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प्रतीकात्मक तस्वीर, एआई जेनरेटेड
HighLights
नगर निगम ड्रोन से पानी छिड़काव की तैयारी में।
संकरी सड़कों पर धूल नियंत्रण में मिलेगी मदद।
प्रदूषण नियंत्रण को 122 करोड़ का बजट।
जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। सड़कों पर धूल से लड़ने में नगर निगम को पूरी तरह सफलता नहीं मिल रही है। निगम ने प्रमुख सड़कों पर धूल को नियंत्रित कर लिया, लेकिन ज्यादातर 20 मीटर से कम चौड़े मार्गों पर निगम धूल को नियंत्रित नहीं कर पा रहा है।
पीडब्ल्यूडी के कई मार्गों के टूटे होने के कारण वहां धूल उड़ रही है। ऐसे में निगम ने ड्रोन से पानी का छिड़काव करने की तैयारी शुरू कर दी है।
ड्रोन से होगा छिड़काव
निगम ने ड्रोन से छिड़काव के लिए टेंडर जारी कर दिया है। हालांकि निगम ने अभी यह साफ नहीं किया है कि ड्रोन का उपयोग छिड़काव के लिए किन सड़कों या स्थानों पर किया जाएगा। शहर में धूल से होने वाले प्रदूषण को रोकने के लिए सड़कों पर पानी के छिड़काव की व्यवस्था प्रभावी साबित नहीं हो रही है।
नगर निगम के पानी के टैंकर प्रमुख मार्गों तक ही सीमित हैं, जबकि कई इलाकों में सड़कों से धूल उड़ रही है। ऐसे में अब प्रदूषण प्रभावित इलाकों में ड्रोन से पानी का छिड़काव करने की योजना बनाई जा रही है। इसके लिए ड्रोन सेवा प्रदाता एजेंसी के चयन को टेंडर जारी किया गया है।
15 से 20 लीटर पानी लेकर उड़ेगा ड्रोन
निगम को ऐसे ड्रोन की जरूरत है, जो 15 से 20 लीटर पानी लेकर उड़ सकें और ऊंचाई से फव्वारे की तरह पानी का छिड़काव कर सकें। इसके लिए इच्छुक एजेंसियों से प्रदर्शन के साथ लाइव डेमो भी मांगा गया है। इसके आधार पर एजेंसी का चयन किया जाएगा।
नगर निगम का कहना है कि ड्रोन से उन इलाकों में पानी का छिड़काव करना है, जहां बड़े वाहनों की पहुंच मुश्किल है या पारंपरिक तरीके से छिड़काव करना आसान नहीं है। नगर निगम के जलकल विभाग के जीएम केपी आनंद का कहना है कि किसी सड़क पर धूल नहीं उड़ रही है।
122 करोड़ रुपये का बजट
नगर निगम नियमित रूप से सड़कों पर पानी का छिड़काव करा रहा है। ग्रेप लागू होने पर निगम युद्ध स्तर पर पानी का छिड़काव करेगा।
प्रदूषण नियंत्रित करने के लिए शासन से नगर निगम को 122 करोड़ रुपये का बजट मिला है। इस रकम से शहर की 60 सड़कों की मरम्मत और फुटपाथ बनाए जाएंगे, ताकि सड़कों से धूल उड़ने की समस्या कम हो सके। नगर निगम ने इसके लिए टेंडर जारी कर दिया था।
सफाई के लिए स्वीपिंग वाहन
वहीं, सफाई व्यवस्था मजबूत करने के लिए निगम जल्द ही आठ नए छोटे इलेक्ट्रानिक मैकेनाइज्ड स्वीपिंग वाहन खरीदेगा। इनकी मदद से संकरी सड़कों से भी धूल हटाई जा सकेगी। पहले चरण में 220 किलोमीटर लंबी सड़कों को कवर करने का लक्ष्य रखा गया है।
वर्तमान में नगर निगम के पास पानी के छिड़काव के लिए 15 एंटी स्माग गन टैंकर उपलब्ध हैं। शहर में कुल 2800 किलोमीटर लंबा सड़क नेटवर्क है, जिसमें गाजियाबाद विकास प्राधिकरण और अन्य विभागों की सड़कें भी शामिल हैं।
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