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फर्जी पासपोर्ट मामला: फर्जीवाड़े को रफ्तार देने वाला सिपाही एक माह से फरार; 8 दारोगा पर भी नहीं हुआ ठोस एक्शन

By Vinit Edited By: Kapil Kumar
Published: Sat, 28 Feb 2026 01:58 AM (IST)

गाजियाबाद के भोजपुर थाना क्षेत्र में 22 फर्जी पासपोर्ट जारी होने के मामले में पुलिस अब तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

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जागरण संवाददाता, गाजियाबाद। गाजियाबाद के भोजपुर थाना क्षेत्र में फर्जी पतों पर जारी हुए 22 पासपोर्ट मामले में पुलिस अभी तक आठ आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

इस पूरे मामले में पुलिस सत्यापन रिपोर्ट सकारात्मक होने के बाद ही पासपोर्ट जारी हुए थे। यह रिपोर्ट भोजपुर थाने के तत्कालीन मुंशी सिपाही दीपक कुमार ने लगाई थी। फर्जीवाड़े का पर्दाफाश होने के बाद से सिपाही लगातार फरार चल रहा है। कई दिन बाद पुलिस ने उसका नाम मुकदमे में शामिल किया।

इसके बाद भी आरोपी गिरफ्तार नहीं किया गया है। यहां तक कि पुलिस उन आठ दारोगाओं के खिलाफ भी ठोस कार्रवाई नहीं कर पाई है, जिनकी आईडी का प्रयोग कर पासपोर्ट वेरीफिकेशन पूरा किया गया।

पुलिस सत्यापन सकारात्मक दर्शाया

वहीं, पासपोर्ट फर्जीवाड़े की जांच में शुरू में ही सामने आ गया था कि पासपोर्ट आवेदनों का पुलिस सत्यापन सकारात्मक दर्शाया गया था। यह रिपोर्ट भोजपुर थाने के तत्कालीन मुंशी सिपाही दीपक कुमार द्वारा लगाई गई थी। जबकि बाद में पर्दाफाश हुआ कि जिन पतों पर पासपोर्ट जारी किए गए, वहां आवेदक कभी रहते ही नहीं थे।

फरार है सिपाही दीपक

इस मामले का पर्दाफाश होने के बाद से ही सिपाही दीपक कुमार फरार है। पुलिस ने देरी से उसका नाम मुकदमे में शामिल किया, लेकिन अब तक उसकी गिरफ्तारी नहीं हो सकी है। पासपोर्ट वेरीफिकेशन के लिए सिपाही ने आठ दारोगाओं की आईडी का भी उपयोग किया गया था।

सवाल यह है कि क्या उनकी आईडी का दुरुपयोग हुआ या वे भी जांच के घेरे में हैं। फिलहाल लाइन हाजिर किए गए दारागाओं के खिलाफ भी ठोस कार्रवाई नहीं हुई है।

फरार सिपाही पर घोषित होगा इनाम

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फर्जीवाड़े के आरोपी सिपाही दीपक कुमार पर शीघ्र इनाम घोषित किया जाएगा। सिपाही पुलिस के हाथ भी नहीं लगा और न ही उसने अभी तक कोर्ट में सरेंडर किया है।

अधिकारियों का कहना है कि आरोपी पुलिसकर्मी होने की वजह से उसे पता है कि किस तरह बचा जाना है। यही वजह है कि उसकी गिरफ्तारी में देरी हो रही है, लेकिन उसे पकड़ने के लिए लगातार टीम काम कर रही हैं। शीघ्र आरोपित पकड़ा जाएगा।

पोस्टमैन के साथी डाककर्मी को चुपचाप भेजा जेल

पुलिस ने पिछले सप्ताह ही डाक विभाग के एक अन्य पोस्टमैन को गिरफ्तार कर जेल भेजा है, लेकिन उसकी गिरफ्तारी की सूचना मीडिया से साझा नहीं की गई। पुलिस ने प्रांशु मिश्रा उर्फ अभिषेक नामक पोस्टमैन को गिरफ्तार कर जेल भेजा है।

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मामले की जांच गंभीरता से की जा रही है। फरार सिपाही की तलाश के लिए टीमें लगाई गई हैं और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई आगे बढ़ रही है। जिन पुलिसकर्मियों की आइडी प्रयोग में आई है, उनकी भूमिका की भी जांच की जा रही है। - अमित सक्सेना, एसीपी क्राइम