इटावा: सड़क हादसों में बीते 10 महीने में 230 लोगों ने गंवाई जान, डीएम ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में जताई नाराजगी
इटावा में सड़क हादसों में बढ़ती मौतों पर डीएम ने कड़ी नाराजगी जताते हुए संबंधित विभागों को व्यवस्था सुधारने के निर्देश दिए।

डीएम ने 14 चिह्नित ब्लैक स्पॉट पर सुरक्षा इंतजाम दुरुस्त करने और सड़कों की कमियां दूर करने को कहा।
HighLights
डीएम ने सड़क हादसों में बढ़ती मौतों पर नाराजगी जताई।
14 ब्लैक स्पाट पर सुरक्षा इंतजाम दुरुस्त करने के निर्देश।
एनएचएआइ को गड्ढे भरने और बैरियर लगाने को कहा।
जागरण संवाददाता, इटावा। जिले में सड़क हादसों में बढ़ती मौतों पर डीएम ने सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने एनएचएआइ, लोक निर्माण विभाग, एआरटीओ समेत संबंधित विभागों के अधिकारियों को व्यवस्था में सुधार के निर्देश दिए। जनवरी से अब तक सड़क दुर्घटनाओं में 230 लोगों की मौत और सितंबर में 46 हादसों में 19 लोगों की जान गई है।
डीएम ने जिले के चिह्नित 14 ब्लैक स्पाट पर सुरक्षा इंतजाम दुरुस्त करने और सड़कों की कमियां दूर करने को कहा। कलेक्ट्रेट के नवीन सभागार में डीएम शुभ्रांत कुमार शुक्ल और एसएसपी बृजेश कुमार श्रीवास्तव की अध्यक्षता में जिला सड़क सुरक्षा समिति की दसवीं बैठक हुई। समीक्षा में बताया गया कि सितंबर में एक्सप्रेसवे पर दो, मुख्य जिला मार्गों पर 12, राज्य राजमार्ग पर एक और अन्य जिला मार्गों पर पांच दुर्घटनाएं हुईं।
डीएम ने एनएचएआइ को मानिकपुर मोड़ से सराय भूपत तक सड़क के गड्ढे तत्काल भरवाने के निर्देश दिए। एक्सप्रेसवे और प्रमुख मार्गों पर जरूरी स्थानों पर मेटल बीम क्रैश बैरियर, चेतावनी बोर्ड, संकेतक और बैरियर लगाने को भी कहा। नवंबर में त्योहारों के चलते यातायात बढ़ने की आशंका के मद्देनजर एनएचएआइ और यूपीडा को सुरक्षा संसाधन बढ़ाने तथा तेज रफ्तार वाहनों पर नियंत्रण के निर्देश दिए।
शहरी यातायात व्यवस्था के तहत एसएसपी चौराहे और डीएम चौराहे पर बसों के अनधिकृत ठहराव पर रोक लगाने को कहा गया। बैठक में एसपी सिटी बबिता सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट राजेंद्र बहादुर, एआरटीओ प्रदीप देशमणि समेत संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।