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एटा के जलेसर में खारे पानी की समस्या का अंत, 144 करोड़ की परियोजना पर कार्य करेगी महाराष्ट्र की कंपनी

Published: Sun, 04 Oct 2026 07:28 PM (IST)

एटा के जलेसर नगर में खारे पानी की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 144 करोड़ की पेयजल परियोजना को गति मिली है।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

प्रतीकात्मक प्रस्तुतीकरण के लिए तस्वीर को एआई टूल की मदद से बनाया गया है।

जागरण संवाददाता, एटा। जलेसर नगर में लंबे समय से चली आ रही खारे पानी की समस्या के समाधान की उम्मीद अब बढ़ गई है। पेयजल समस्या के स्थायी निराकरण के लिए प्रस्तावित 144 करोड़ रुपये की पेयजल परियोजना को धरातल पर उतारने की प्रक्रिया तेज हो गई है।

परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया में मामला अटक गया था। अब प्रमुख सचिव की अध्यक्षता में हुई राज्य तकनीकी समिति की बैठक में महाराष्ट्र की कंपनी आरएनडी को कार्य की जिम्मेदारी दिए जाने का निर्णय लिया गया है। इससे परियोजना के जल्द शुरू होने का रास्ता साफ हो गया है।

घरेलू उपयोग के साथ पेयजल की भी समस्या

जलेसर नगर में लंबे समय से भूगर्भ जल खारा होने के कारण लोगों को पेयजल के लिए परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। नगर के कई क्षेत्रों में खारे पानी के कारण घरेलू उपयोग के साथ पेयजल की समस्या भी बनी हुई है।

समस्या के समाधान के लिए जल निगम नगरीय क्षेत्र की ओर से परियोजना का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा गया था। परीक्षण और प्रस्तावित कार्यों के आधार पर परियोजना की लागत करीब 144 करोड़ रुपये आंकी गई। परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू हुई, लेकिन तकनीकी और अन्य प्रक्रियाओं के चलते कार्य आवंटन में समय लग गया।

कार्य शुरू होने की उम्मीद

इस दौरान जल निगम अधिकारियों के साथ क्षेत्रीय विधायक संजीव दिवाकर की ओर से भी परियोजना को आगे बढ़ाने के प्रयास किए जाते रहे। अब राज्य तकनीकी समिति की बैठक में कंपनी का चयन होने के बाद कार्य शुरू होने की उम्मीद जगी है।

अधिशासी अभियंता जल निगम शहरी क्षेत्र सैय्यद तारिक अली ने बताया कि राज्य तकनीकी समिति की बैठक में महाराष्ट्र की कंपनी को कार्य की जिम्मेदारी दी गई है। प्रक्रिया पूरी होने के बाद नवंबर के पहले सप्ताह में परियोजना का काम शुरू होने की उम्मीद है।

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