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स्कूल-गोशाला और आंगनबाड़ी केंद्र पर अचानक पहुंची एटा DM, कई खामियां मिलने पर दी कार्रवाई की चेतावनी

Published: Fri, 02 Oct 2026 03:28 PM (IST)

एटा की जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली ने प्राथमिक विद्यालयों, पंचायत सचिवालयों, गोशालाओं और आंगनबाड़ी केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के ...और पढ़ें

जिलाधिकारी ने स्कूलों, गौशालाओं, आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया।

जिलाधिकारी ने स्कूलों, गौशालाओं, आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया।

HighLights

  1. डीएम ने प्राथमिक विद्यालय, गोशाला, आंगनबाड़ी केंद्रों का निरीक्षण किया।

  2. निरीक्षण में मिली खामियों पर सुधारात्मक चेतावनी जारी की गई।

  3. सुधार न होने पर संबंधित अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

जागरण संवाददाता, एटा। जिलाधिकारी ने प्राथमिक विद्यालय, पंचायत सचिवालय, गोशाला, आंगनबाडी केंद्रों का निरीक्षण किया, जिसके दौरान उन्हें मिली खामियों पर उन्होंने सुधारात्मक चेतावनी दी। साथ ही कहा कि अगले निरीक्षण में सुधार नहीं हुआ तो संबंधित के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। डीएम ने गुरुवार को प्राथमिक विद्यालय में बच्चों की पठन पाठन के संसाधन देखते हुए बच्चों से शिक्षा से संबंधित पूछताछ भी की। पंचायत सचिवालय पर नियमित कर्मचारियों को बैठने और उनकी मानीटरिंग करने का संबंधित को आदेश दिया।

जिलाधिकारी एम. अरुन्मोली ने अस्थाई गोशाला मलावन का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान आश्रय केंद्र में 350 गोवंशी संरक्षित मिले। उनकी देखभाल के लिए सात केयरटेकर तैनात मिले। जिलाधिकारी ने खंड विकास अधिकारी सकीट अजीत कुमार सिंह एवं पशु चिकित्सक डॉ. जितेंद्र सिंह को निर्देश दिए कि गोवंशी के लिए हरा चारा पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध रहे। गौशाला परिसर में जलभराव की स्थिति को तत्काल दूर कराने को कहा।

डीएम ने सामुदायिक भवन की व्यवस्थाएं देखीं

इसके बाद जिलाधिकारी ने कस्बा मलावन स्थित सामुदायिक भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्देश दिए कि सामुदायिक भवन की व्यवस्थाएं सुचारू एवं व्यवस्थित रखी जाएं। समाज के सभी वर्गों को शादी-विवाह एवं अन्य सामाजिक आयोजनों के लिए इसका समुचित लाभ मिल सके। सामुदायिक शौचालय का निरीक्षण करते हुए निर्देशित किया कि निर्धारित समयावधि में सामुदायिक शौचालय नियमित रूप से खोले जाएं। शौचालयों की सफाई, स्वच्छता एवं हाइजीन का विशेष ध्यान रखा जाए। पंचायत सचिव नवनीत सिंह को नियमित मॉनिटरिंग करने का डीएम ने आदेश दिया।

बच्चों को पढ़ााएजा रहे विषयों की जानकारी ली 

इसके बाद जिलाधिकारी ने परिषदीय विद्यालय मलावन एवं उच्च प्राथमिक विद्यालय मलावन का निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यालय में बच्चों को पढ़ाए जा रहे विषयों के संबंध में विद्यार्थियों से सीधे संवाद कर उनकी शैक्षिक स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए कि शासन द्वारा बच्चों की सुविधाओं एवं यूनिफार्म आदि के लिए धनराशि खातों में प्रेषित की जाए। उन्होंने मिड-डे मील की गुणवत्ता की भी जानकारी ली और निर्देश दिए कि बच्चों को निर्धारित मेन्यू के अनुसार ही भोजन उपलब्ध कराया जाए। भोजन तैयार करने में गुणवत्तापूर्ण खाद्यान्न एवं मसालों का प्रयोग किया जाए। किसी भी दशा में घटिया अथवा अनुपयुक्त सामग्री का प्रयोग न हो।

मानदेय भुगतान के संबंध में जानकारी ली

जिलाधिकारी ने रसोइयों से उनके मानदेय के भुगतान की स्थिति के संबंध में भी जानकारी प्राप्त की। उच्च प्राथमिक विद्यालय में उन्होंने कक्षा छह की छात्रा जया एवं आर्यन से पुस्तकों को पढ़वाकर उनके पठन कौशल का भी परीक्षण किया। विद्यार्थियों द्वारा तत्परता से पाठ पढ़कर सुनाया गया। विद्यालय परिसर में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र का भी उन्होंने निरीक्षण किया निरीक्षण के दौरान छात्र संख्या कम पाए जाने पर उन्होंने संबंधित कार्यकर्त्री एवं सहायिका को बच्चों को शत प्रतिशत उपस्थित सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही दस्तावेज न मिलने पर सुधारात्मक चेतावनी दी।

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डीएम ने प्रमाण पत्र संबंधी दस्तावेज देखे

पंचायत सचिवालय मलावन का निरीक्षण करते हुए डीएम ने विभिन्न सेवाओं एवं प्रमाण-पत्र संबंधी पत्रावलियों का अवलोकन किया। निरीक्षण में पाया गया कि आय, जाति, मूल निवास आदि प्रमाण-पत्रों से संबंधित पत्रावलियों में लाभार्थी के नाम के सामने मोबाइल नंबर अंकित नहीं किया गया था, जिसमें सुधार करने का आदेश दिया।

एक ही छत के नीचे सेवाएं उपलब्ध कराई जाएं

जिलाधिकारी ने कहा कि पंचायत सचिवालय ऐसी महत्वपूर्ण व्यवस्था है, जहां ग्रामीणों को एक ही छत के नीचे विभिन्न जनपयोगी सेवाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं। इसलिए रोजगार सहायक, पंचायत सचिव एवं लेखपालों के बैठने के लिए जारी रोस्टर का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि निरीक्षण में मिली खामियाें को तत्काल प्रभाव से सुधारा जाए। इसके बाद संबंधित के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी।