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'मुझे मूर्ख मत बनाइए'... कुशीनगर में बाढ़ से बचाव के खराब इंतजाम देख भड़के सांसद ने अफसरों की लगाई क्लास

Published: Wed, 30 Sep 2026 07:44 PM (IST)

सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने कुशीनगर में नारायणी नदी के कटान से प्रभावित एपी बांध का निरीक्षण किया और अधिकारियों की तैयारियों पर नाराजगी जताई।

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HighLights

  1. सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने एपी बांध पर कटान का निरीक्षण किया।

  2. अधिकारियों की बाढ़ तैयारियों पर सांसद ने कड़ी नाराजगी जताई।

  3. राहत कार्य तेज करने और प्रभावितों को मदद देने के निर्देश।

जागरण संवाददाता, देवरिया। कुशीनगर में उफनाई नारायणी नदी से एपी बांध के किमी 6.00 पर शुरू हुए कटान से 15 गांव पानी से घिरे हैं। बुधवार की रात करीब आठ बजे जवहीं दयाल में कटान स्थल पर पहुंचे देवरिया के सांसद शशांक मणि त्रिपाठी ने बाढ़ कार्यखंड के अधिकारियों से बचाव के इंतजाम की जानकारी ली तो जवाब से असंतुष्ट होकर वह अधिकारियों पर बरस पड़े। उन्होंने कहा, ''मुझे मूर्ख मत बनाइए। बोल्डर, जियोबैग, हाइड्रा, मजदूर कहां हैं? यहां जनरेटर सेट नहीं है, हम लोग अंधेरे में बैठे है।''

सांसद ने अधिकारियों से बाढ़ और कटान से बचाव के लिए मौके पर उपलब्ध संसाधनों की जानकारी ली। अधिकारियों ने कई इंतजाम किए जाने की बात कही। जब सांसद ने एक-एक कर उपलब्धता पूछी तो अधिकारी स्पष्ट जवाब नहीं दे सके।

इस पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि लापरवाही की जांच कराई जाएगी और किसी को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि उनके जाने के बाद आप सभी मौके से चले जाएंगे तो स्थिति की निगरानी कौन करेगा। बाढ़ के दौरान तटबंध के कमजोर हिस्सों और कटान वाले स्थानों पर बालू की बोरियां, मिट्टी, जियोबैग, बांस और बोल्डर आदि से सुरक्षा कार्य किया जाता है।

जरूरत पड़ने पर हाइड्रा, मजदूर और प्रकाश की व्यवस्था भी जरूरी होती है। एपी बांध पर इन इंतजामों को लेकर अधिकारियों की स्थिति पर सांसद की नाराजगी का वीडियो इंटरनेट मीडिया पर प्रसारित हो रहा है।

राहत कार्यों की भी सांसद ने की निगरानी

कुशीनगर के तमकुहीराज क्षेत्र में नारायणी के बढ़ते जलस्तर व कटान के बीच सांसद लगातार प्रभावित गांवों का दौरा कर रहे हैं। बरवापट्टी-खैरटिया में रात में पानी आने की सूचना पर वह मौके पर पहुंचे और अधिकारियों को राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए।

तमकुहीराज में प्रभावित परिवारों के बीच रहकर स्थिति की निगरानी भी की। बेदूपार ऐतमाली में ग्रामीणों से संवाद कर उन्होंने राशन किट व आवश्यक राहत सामग्री समय से पहुंचाने के निर्देश दिए। चैनपट्टी में लोगों के बीमार होने की सूचना पर मेडिकल कैंप लगवाया गया।

सांसद ने कहा कि प्राथमिकता प्रत्येक प्रभावित परिवार तक समय से भोजन, राशन, चिकित्सा और जरूरी राहत पहुंचाना है। प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार संकट की घड़ी में जनता के साथ है। उन्होंने लोगों से धैर्य बनाए रखने और आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन को सूचना देने की अपील की।

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