जेएनएन, बिजनौर। भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने ट्रैक्टर व निजी वाहनों के साथ गाजीपुर बार्डर के लिए कूच किया। किसानों ने तीनों कृषि कानून किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किए जाने की हुंकार भरी।

शनिवार को भारतीय किसान यूनियन के पूर्व प्रांतीय नेता बाबूराम तोमर, मलकीत सिंह के नेतृत्व में किसानों ने दिल्ली में चल रहे किसान आंदोलन के समर्थन में गाजीपुर बार्डर के लिए कूच किया। बाबूराम तोमर ने कहा कि सरकार कुछ पूंजीपतियों से हमसाज होकर किसानों को बर्बाद करने पर तुली है। सरकार किसानों को जितना दबाने की साजिश करेगी, किसान उतना ही दो गुनी ताकत के साथ संघर्ष करेगा। तीनों कृषि कानून को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। सरदार संदीप सिंह ने कहा कि काले कृषि बिलों को थोपकर सरकार किसानों को बंधवा गुलाम बनाना चाहती है। वीरेश राणा, सौरभ चौधरी, राम अवतार चौहान, दिलजोश सिंह, लवदीप सिंह, गुरप्रताप सिंह, हरप्रीत सिंह, सरदार जसपाल सिंह, लाड़ी सिंह, बूटा सिंह, हरप्रीत सिंह, प्रशांत चौधरी, बलराम सिंह, जबर सिंह, अनुज कुमार, गुरमेल सिंह आदि सैकड़ों किसान शामिल हुए। उधर, भाकियू के बुंदकी मिल क्षेत्रीय अध्यक्ष अनिल चौहान, ठाकुर गजेंद्र सिंह, मदन चौहान के नेतृत्व में किसानों ने दिल्ली के लिए कूच किया। महेंद्र सिंह, योगेंद्र सिंह, बृजेश कुमार, विजयपाल सिंह आदि किसान शामिल रहा। बंदरों को भगाने की कोशिश में महिला घायल

बढ़ापुर। कस्बे के मोहल्ला पक्काबाग में घर में घुसे बंदरों को भगाने के प्रयास में एक महिला गिरकर घायल हो गई। बंदरों के बढ़ते उत्पात के कारण कस्बेवासियों ने प्रशासन से बंदरों से निजात दिलाने की मांग की है।

कस्बे में बंदरों का उत्पात बढ़ता ही जा रहा है। बंदरों के झुंड आए दिन कस्बेवासियों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। शनिवार सुबह मोहल्ला पक्काबाग निवासी बबलू पाल के घर पर बंदरों ने जमकर उत्पात मचाया। घर पर रखे घरेलू सामान को उठाकर इधर-उधर फेंक दिया। बंदरों को भगाने के प्रयास में बबलू की पत्नी अनीता देवी गिरकर घायल हो गईं। बंदरों के उत्पात से परेशान लोगों ने बताया कि बंदरों के डर की वजह से लोग खुले में घर का सामान नहीं रख पा रहे हैं और किसी काम से घर की छत पर भी नहीं जा पा रहे हैं। खुले घरों में बंदरों के झुंड घुसकर उत्पात मचाते हुए घरेलू सामान को नुकसान पहुंचा रहे हैं। भगाने की कोशिश करने पर काटने को दौड़ते हैं।

वहीं, सब्जी मंडी में भी बंदर जमकर उत्पात मचा रहे हैं। फल-सब्जी की रेढ़ी लगाने वाले भी बंदरों के उत्पात से परेशान हैं। कस्बे के अमित गुप्ता, बबलू, महेंद्र सिंह, इसरार, प्रदीप कुमार, अशोक कुमार, सलमान व टीकम सिंह आदि कस्बेवासियों ने प्रशासन से बंदरों से निजात दिलाने की मांग की है।

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